कुवैत में गुरुवार शाम को ईरान और उसके समर्थित समूहों ने ड्रोन के जरिए हमले किए। इन हमलों में कुवैत की कई महत्वपूर्ण जगहों को निशाना बनाया गया। कुवैत सरकार ने इस घटना की कड़ी निंदा की है और इसे अंतरराष्ट्रीय कानूनों का खुला उल्लंघन बताया है।

हमला कब हुआ और इसका क्या असर रहा?

यह हमला 9 अप्रैल 2026 की गुरुवार शाम को हुआ। कुवैत के नेशनल गार्ड की एक साइट पर ड्रोन से हमला किया गया, जिससे वहां काफी भौतिक नुकसान हुआ। गनीमत यह रही कि इस हमले में किसी की जान नहीं गई और न ही कोई घायल हुआ। सुरक्षाबलों ने तुरंत मोर्चा संभाला और मौके पर जरूरी सुरक्षा कदम उठाए।

कुवैत सरकार और विदेश मंत्रालय ने क्या कहा?

कुवैत के विदेश मंत्रालय ने इसे एक पापपूर्ण हमला बताया और कहा कि यह देश की संप्रभुता का उल्लंघन है। सरकार ने संयुक्त राष्ट्र चार्टर के आर्टिकल 51 के तहत आत्मरक्षा के अपने कानूनी अधिकार की बात कही। साथ ही, UN सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 2817 के तहत सभी शत्रुतापूर्ण गतिविधियों को तुरंत और बिना किसी शर्त के रोकने की मांग की।

क्षेत्र में क्या हालात हैं और ईरान का क्या कहना है?

इस हमले से अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे दो हफ्ते के युद्धविराम पर खतरा मंडरा रहा है। सऊदी अरब ने भी अपनी एक मुख्य पाइपलाइन में नुकसान की खबर दी है। दूसरी तरफ, ईरान के IRGC ने इन हमलों से इनकार किया है और कहा कि यह अमेरिका या इसराइल की साजिश हो सकती है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.