कुवैत के बिजली, पानी और रिन्यूएबल एनर्जी मंत्रालय (MEWRE) ने रविवार, 29 मार्च 2026 को जनता को आश्वस्त किया है कि देश में बिजली और पानी की सप्लाई पूरी तरह स्थिर और नियंत्रण में है। एयर डिफेंस सिस्टम द्वारा दुश्मन के ड्रोन और मिसाइलों को रोकने के दौरान गिरे मलबे से पावर ग्रिड के कुछ हिस्सों को नुकसान पहुंचा था, लेकिन मंत्रालय ने स्थिति को संभाल लिया है। प्रवक्ता इंजीनियर Fatima Hayat ने बताया कि तकनीकी टीमें फील्ड में तैनात हैं और मरम्मत का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है।

बिजली और पानी की सप्लाई को लेकर क्या हैं ताज़ा हालात?

मंत्रालय की प्रवक्ता Fatima Hayat के अनुसार, कुवैत का इंफ्रास्ट्रक्चर इतना मजबूत है कि वह इन चुनौतियों का सामना कर सकता है। हालांकि कुछ ट्रांसमिशन लाइनों को नुकसान पहुंचा है, लेकिन सप्लाई में कोई बड़ी बाधा नहीं आई है। विभाग ने 28 फरवरी से ही अपना इमरजेंसी प्लान एक्टिवेट कर दिया था ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। मंत्रालय ने ताजा अपडेट में निम्नलिखित जानकारियां साझा की हैं:

  • कुल 22 ओवरहेड ट्रांसमिशन लाइनों में से 20 को पूरी तरह ठीक कर लिया गया है।
  • हाल ही में खराब हुई 7 लाइनों में से 4 को 24 घंटे के भीतर बहाल कर दिया गया।
  • Subiya Power Plant के एक फ्यूल टैंक को नुकसान पहुंचा है, जिसकी मरम्मत में अधिक समय लगेगा।
  • देश में ताजे पानी का पर्याप्त भंडार मौजूद है और वितरण प्रणाली सुचारू रूप से काम कर रही है।
  • आम जनता और प्रवासियों से अपील की गई है कि वे केवल आधिकारिक स्रोतों से मिली जानकारी पर ही भरोसा करें।

सुरक्षा और तकनीकी मरम्मत से जुड़े मुख्य आंकड़े

कुवैत की सुरक्षा एजेंसियां और तकनीकी टीमें पिछले 24 घंटों से लगातार सक्रिय हैं। कुवैत नेशनल गार्ड ने रविवार को ही 4 ड्रोन विमानों को मार गिराया है। वहीं रक्षा मंत्रालय ने 14 बैलिस्टिक मिसाइलों और 12 ड्रोनों को इंटरसेप्ट करने की पुष्टि की है। इस दौरान हुई क्षति और मरम्मत की स्थिति नीचे दी गई टेबल में देखी जा सकती है:

विवरण कुल संख्या/स्थिति
क्षतिग्रस्त पावर ट्रांसमिशन लाइनें 22
मरम्मत की जा चुकी लाइनें 20
पिछले 24 घंटों में मलबा गिरने की घटनाएं 11
प्रभावित मुख्य प्लांट Subiya और Doha West Station
कुल मलबे गिरने की घटनाएं (शुरुआत से अब तक) 599

मंत्रालय ने कुवैत में रहने वाले सभी नागरिकों और प्रवासियों, विशेषकर भारतीय समुदाय के लोगों से अनुरोध किया है कि वे इस समय बिजली और पानी की बचत करें। विभाग ने साफ किया है कि डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम के जरिए ग्रिड पर नजर रखी जा रही है और सुरक्षा अधिकारियों के साथ तालमेल बिठाकर प्रभावित इलाकों में रिपेयरिंग का काम सुरक्षित तरीके से पूरा किया जा रहा है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.