Kuwait End of Service Benefit: कुवैत में नौकरी करने वालों के लिए बड़ी खबर, एंड ऑफ सर्विस बेनिफिट्स का बजट बढ़ा, प्रवासियों को भी मिलेगा फायदा
कुवैत सरकार ने साल 2026/2027 के बजट में एंड ऑफ सर्विस बेनिफिट्स यानी सेवा समाप्ति लाभ के लिए भारी रकम रखी है। इस बार बजट में काफी बढ़ोतरी की गई है, जिसका सीधा असर वहां काम करने वाले स्थानीय लोगों और प्रवासियों पर पड़ेगा। यह खबर उन भारतीय भाइयों के लिए भी अहम है जो कुवैत में नौकरी कर रहे हैं और अपने भविष्य की जमापूंजी का इंतजार करते हैं।
कुवैत के नए बजट में कितना पैसा बढ़ा और किसे कितना मिलेगा?
कुवैत के वित्त मंत्रालय ने 2026/2027 के वित्तीय वर्ष के लिए बजट रिपोर्ट जारी की है। इसमें एंड ऑफ सर्विस बेनिफिट्स के लिए कुल 270.281 मिलियन कुवैती दीनार मंजूर किए गए हैं। पिछले साल के मुकाबले इस राशि में करीब 50.487 मिलियन दीनार की वृद्धि हुई है।
| विवरण | राशि (मिलियन कुवैती दीनार) |
|---|---|
| कुल मंजूर बजट (2026/2027) | 270.281 |
| पिछले साल का बजट (2025/2026) | 219.794 |
| कुल बढ़ोतरी | 50.487 |
| कुवैती नागरिकों के लिए बजट | 235.365 |
| प्रवासियों (Expats) के लिए बजट | 34.916 |
| एक्सीलेंट सर्विसेज आइटम | 196.649 |
| कुल राज्य बजट | 26.1 बिलियन दीनार |
प्रवासियों को यह पैसा कैसे मिलेगा और क्या हैं नियम?
यह पैसा सरकारी विभागों द्वारा अपने संसाधनों से दिया जाता है और इसके लिए किसी बाहरी बीमा या पेंशन फंड का इस्तेमाल नहीं होता। प्रवासियों को मिलने वाली यह राशि उनके कॉन्ट्रैक्ट और तकनीकी मानकों के हिसाब से तय होती है।
- यह भुगतान कुवैत लेबर लॉ (प्राइवेट सेक्टर लॉ नंबर 6, 2010) के नियमों के तहत किया जाएगा।
- लाभ पाने के लिए कर्मचारी का कम से कम एक साल की लगातार सेवा पूरी करना जरूरी है।
- अनुशासनात्मक कारणों से नौकरी से निकाले गए लोग इस लाभ के हकदार नहीं होंगे।
- पैसे की गणना इस आधार पर होगी कि कर्मचारी ने इस्तीफा दिया है या उसे नौकरी से हटाया गया है।
क्या सैलरी आने में कोई दिक्कत होगी?
वित्त मंत्री डॉ याकूब अल-रिफाई ने साफ किया है कि कुवैत की आर्थिक स्थिति स्थिर और संतोषजनक है। उन्होंने भरोसा दिलाया है कि सभी कर्मचारियों की सैलरी समय पर मिलती रहेगी और इसमें कोई देरी नहीं होगी।
उन्होंने बताया कि 2026/2027 का बजट आर्थिक सुधारों की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। सरकार अब गैर-तेल राजस्व बढ़ाने और प्राइवेट सेक्टर को मजबूत करने पर काम करेगी ताकि वहां रोजगार के नए मौके पैदा हों और खर्चों में कुशलता आए।