Kuwait New Rule: कुवैत में आर्थिक सुधारों का असर, विदेशी निवेश में हुई तगड़ी बढ़ोतरी, प्रवासियों के लिए खुला नया रास्ता।

कुवैत में आर्थिक हालातों को बेहतर बनाने के लिए सरकार की तरफ से लगातार बड़े कदम उठाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में 15 अगस्त 2026 को कुवैत की सरकारी समाचार एजेंसी KUNA ने आधिकारिक तौर पर यह जानकारी दी कि देश में विदेशी निवेश में साफ तौर पर बढ़ोतरी दर्ज की गई है। कुवैत सरकार ने इस साल की शुरुआत में कई बड़े सुधार किए थे, जिसके बाद अब दुनिया भर की कंपनियां वहां निवेश करने में दिलचस्पी दिखा रही हैं। इन बदलावों से न सिर्फ देश की अर्थव्यवस्था मजबूत हो रही है, बल्कि वहां काम करने और कारोबार करने वाले लोगों के लिए भी रास्ते आसान हो रहे हैं।
कुवैत में 15 साल का रेजिडेंसी परमिट हुआ लागू
विदेशी निवेशकों को आकर्षित करने के लिए कुवैत सरकार ने जून 2026 में एक नया नियम लागू किया था। इसके तहत योग्य विदेशी निवेशकों और उनके परिवारों को 15 साल का नवीकरणीय रेजिडेंसी परमिट देने की शुरुआत की गई। इस नियम को कैबिनेट के प्रस्ताव संख्या 651 के तहत मंजूरी मिली थी, जिस पर कार्यवाहक प्रधानमंत्री Fahad Yousef Saud Al-Sabah ने हस्ताक्षर किए थे। यह फैसला उन कंपनियों और निवेशकों के लिए लिया गया है जिन्हें Kuwait Direct Investment Promotion Authority (KDIPA) यानी KDIPA से लाइसेंस मिला हुआ है ताकि वे लंबे समय तक कुवैत में टिक कर काम कर सकें।
क्रेडिट रेटिंग और लोन से बढ़ी वित्तीय ताकत
विदेशी पूंजी के आने के साथ-साथ कुवैत की वित्तीय स्थिति मजबूत होने के दूसरे संकेत भी सामने आए हैं। अगस्त के शुरुआती हफ्तों में वैश्विक रेटिंग एजेंसी Fitch Ratings ने कुवैत की क्रेडिट रेटिंग को स्थिर दृष्टिकोण के साथ AA- पर बरकरार रखा। इसके अलावा Kuwait Investment Authority (KIA) ने अपनी वित्तीय स्थिति को और मजबूत करने के लिए 4.25 बिलियन अमेरिकी डॉलर का सिंडिकेटेड लोन सफलतापूर्वक हासिल किया। ये सारे कदम इस बात की ओर इशारा करते हैं कि कुवैत अपनी नीतियों में लगातार सुधार कर रहा है।
मध्य पूर्व का प्रमुख कमर्शियल हब बना कुवैत
ऑक्सफोर्ड बिजनेस ग्रुप की रिपोर्ट के अनुसार, कुवैत में राजकोषीय नीति, डिजिटल बदलाव और पूंजी बाजार में जो संरचनात्मक सुधार हुए हैं, वे जमीन पर साफ नजर आ रहे हैं। बड़े वित्तीय संस्थान क्षेत्रीय परियोजनाओं के लिए पूरा समर्थन दे रहे हैं। इन सभी बदलावों के बाद कुवैत मध्य पूर्व में एक मुख्य कमर्शियल और वित्तीय केंद्र के रूप में अपनी जगह और ज्यादा पक्की कर रहा है। इन तमाम आर्थिक सुधारों से वहां रहने वाले प्रवासियों और भारत से जाने वाले लोगों के लिए भी भविष्य में रोजगार और कारोबार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।