कुवैत के सरकारी फंड में हेराफेरी करने वाला एक बड़ा अपराधी दुबई में पकड़ा गया है। इस व्यक्ति ने सरकारी कागजों में जालसाजी की थी और काफी पैसा हड़पा था। अब उसे दुबई से कुवैत वापस लाया गया है ताकि वह अपनी सजा काट सके। यह पूरी कार्रवाई कुवैत और UAE की सुरक्षा एजेंसियों के बीच हुए तालमेल के बाद संभव हुई है।

आरोपी ने कैसे की सरकारी पैसों की चोरी?

यह व्यक्ति 2012 से 2018 के बीच एक को-ऑपरेटिव सोसाइटी में लीगल एडवाइजर और जनरल डेलिगेट के तौर पर काम करता था। उस दौरान उसने Kuwait Municipality के विज्ञापन लाइसेंस के कागजों में हेरफेर किया। जब फीस ऑनलाइन जमा हो जाती थी, तो वह आधिकारिक दस्तावेजों में रकम बदल देता था और बीच के बचे हुए पैसों को खुद हड़प लेता था।

दुबई में गिरफ्तारी और सजा का पूरा मामला क्या है?

कुवैत की Ministry of Interior और Criminal Investigation Department ने UAE इंटरपोल के साथ मिलकर इस भगोड़े की तलाश की। अदालत ने उसे पहले ही गैर-मौजूदगी (in absentia) में 7 साल की कड़ी मेहनत वाली जेल की सजा सुनाई थी। सुरक्षा एजेंसियों के आपसी तालमेल और कड़ी निगरानी की वजह से उसे दुबई से पकड़कर कुवैत लाया गया है।

कुवैत सरकार और सुरक्षा एजेंसियों का क्या कहना है?

कुवैत के गृह मंत्रालय ने UAE के साथ इस सुरक्षा सहयोग की काफी तारीफ की है। मंत्रालय ने साफ किया है कि सरकारी पैसों का गबन करने वाले या अपने पद का गलत इस्तेमाल करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। राज्य के संसाधनों की सुरक्षा करना और कानून का पालन कराना सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

आरोपी को कितनी सजा मिली है?

आरोपी को सरकारी फंड की चोरी और आधिकारिक दस्तावेजों में जालसाजी करने के लिए 7 साल की कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है।

आरोपी ने किस तरह की जालसाजी की थी?

उसने कुवैत म्युनिसिपैलिटी के विज्ञापन लाइसेंस की रकम में बदलाव करके सरकारी पैसों का गबन किया था और उन पैसों को अपनी सोसाइटी के काम के बहाने हड़पा था।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com