कुवैत सरकार ने सरकारी संपत्ति की सुरक्षा को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। युवा मंत्री डॉ. तारेक अल-जलाहमा ने साफ़ कर दिया है कि सरकारी ज़मीन या संपत्ति पर कब्ज़ा करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। अब इस काम में आम जनता की भागीदारी भी ज़रूरी होगी ताकि देश की संपत्ति सुरक्षित रहे।
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सरकारी संपत्ति पर कब्ज़े को लेकर क्या है नया नियम?
डॉ. तारेक अल-जलाहमा ने 14 मई 2026 को बताया कि सरकारी संपत्ति के उल्लंघन पर अब ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई जाएगी। इसके लिए सरकारी संपत्ति से अतिक्रमण हटाने वाली कमेटी ने जांच अभियान शुरू कर दिया है। नियमों का सख्ती से पालन कराया जाएगा और कानून सभी के लिए बराबर होगा ताकि सार्वजनिक संपत्ति का गलत इस्तेमाल रोका जा सके।
कार्रवाई में कौन-कौन से विभाग शामिल हैं?
- Kuwait Municipality: इन्होंने अतिक्रमण पर नज़र रखने के लिए एक सेंट्रल टीम बनाई है जो तुरंत कानूनी कार्रवाई करेगी।
- Ministry of Finance: यह विभाग सरकारी ज़मीन के मैनेजमेंट और लाइसेंसिंग का काम देख रहा है।
- PAI follow-up committee: यह कमेटी औद्योगिक, शिल्प और सेवा प्लॉट पर अवैध कब्ज़ों के खिलाफ सख्ती से कानून लागू कर रही है।
युवाओं और आम जनता से क्या अपील की गई है?
मंत्री ने युवाओं से अपील की है कि वे अफवाहों से दूर रहें और केवल आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा और सामाजिक स्थिरता बनाए रखना सबकी साझा ज़िम्मेदारी है। इसी तरह दिसंबर 2025 में प्रथम उप प्रधानमंत्री शेख फहद अल-यूसुफ ने भी कहा था कि अब कानून में सख्ती और व्यवहार में जागरूकता का समय आ गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या सरकारी संपत्ति पर कब्ज़ा करने वालों पर कार्रवाई होगी?
हाँ, सरकार ने ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाई है और अतिक्रमण हटाने वाली कमेटी लगातार जांच अभियान चला रही है जिसके तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आम जनता की इसमें क्या भूमिका है?
युवा मंत्री के अनुसार सरकारी संपत्ति की रक्षा करना एक साझा राष्ट्रीय ज़िम्मेदारी है और सभी नागरिकों को इसमें सहयोग करना चाहिए।
