कुवैत में रविवार को रक्षा मंत्रालय ने सुरक्षा को लेकर एक बहुत बड़ा अपडेट साझा किया है। मंत्रालय के प्रवक्ता कर्नल सऊद अल-अतवान ने बताया कि कुवैत की वायु रक्षा प्रणाली ने 97 बैलिस्टिक मिसाइल और 283 ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर दिया है। यह कार्रवाई ईरान की तरफ से शुरू हुई आक्रामकता के जवाब में की गई थी। इस घटना के बाद वहां रहने वाले लोगों की सुरक्षा के लिए कई कड़े कदम उठाए गए हैं।

कहाँ-कहाँ गिरा मलबा और कितना हुआ नुकसान?

सेना ने बताया है कि हमलों को रोकने के दौरान मलबे के गिरने से कुछ जगहों पर मामूली नुकसान हुआ है। Ali Al Salem Air Base के आसपास मिसाइलों को रोका गया, जिससे वहां मलबा गिरा। इसके अलावा, Kuwait International Airport के टर्मिनल 1 को निशाना बनाने वाले एक ड्रोन को भी नष्ट किया गया, जिससे वहां कुछ कर्मचारियों को हल्की चोटें आईं और थोड़ा सामान खराब हुआ है।

दक्षिणी कुवैत में इंटरसेप्ट किए गए मलबे के गिरने से सिक्सथ रिंग रोड के पास बिजली के तार टूट गए। इस वजह से कई इलाकों में बिजली चली गई। अधिकारियों ने साफ किया है कि देश के अंदर कोई बड़ी जनहानि या भारी नुकसान नहीं हुआ है और स्थिति नियंत्रण में है।

आम लोगों और यात्रियों के लिए क्या हैं निर्देश?

इस स्थिति को देखते हुए सरकार ने आम जनता और कुवैत में रह रहे प्रवासियों के लिए कुछ जरूरी नियम लागू किए हैं:

  • स्कूल बंद: सुरक्षा कारणों से 2 मार्च 2026 से कुवैत के सभी स्कूलों को ऑनलाइन क्लास मोड में डाल दिया गया है।
  • हवाई यात्रा: नागरिक उड्डयन प्राधिकरण ने यात्री विमानों की सुरक्षा के लिए हवाई क्षेत्र (Airspace) को एहतियातन बंद रखने का फैसला लिया।
  • भीड़भाड़ पर रोक: सुरक्षा को देखते हुए मस्जिदों के बाहर इफ्तार का खाना बांटने पर रोक लगा दी गई है।
  • चेतावनी: सेना ने लोगों से कहा है कि अगर उन्हें सड़क या घर के पास कोई अजीब धातु का टुकड़ा मिले तो उसे छुएं नहीं, बल्कि तुरंत पुलिस या सेना को सूचित करें।
Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.