कुवैत पर ईरान की तरफ से मिसाइल और ड्रोन से हमला किया गया है जिसके बाद खाड़ी देशों में तनाव काफी बढ़ गया है। कुवैत की वायु सेना ने इन हमलों को हवा में ही नाकाम कर दिया। इस हमले के बाद संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री शेख अब्दुल्ला बिन जायद अल नाहयान ने कुवैत के विदेश मंत्री को फोन किया और इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए अपना पूरा समर्थन जताया है।
कुवैत पर हुए हमले के बारे में पूरी जानकारी क्या है?
27 और 28 मई 2026 को कुवैत की सीमा पर ईरान की ओर से मिसाइल और ड्रोन दागे गए। कुवैत के रक्षा मंत्रालय और सेना ने तुरंत एक्शन लेते हुए अपने एयर डिफेंस सिस्टम की मदद से इन मिसाइलों और ड्रोनों को हवा में ही नष्ट कर दिया। कुवैत के विदेश मंत्रालय ने इसे अपनी संप्रभुता पर हमला बताया है और इसकी कड़ी निंदा की है। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने कहा है कि उन्होंने केवल अपने ऊपर हुए हमले का जवाब दिया है, हालांकि उन्होंने कुवैत का नाम सीधे नहीं लिया है।
UAE और अमेरिका ने इस हमले पर क्या कड़ा कदम उठाया है?
यूएई के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा है कि वह कुवैत की सुरक्षा और स्थिरता के लिए पूरी तरह साथ खड़ा है। यूएई ने इस हमले को आतंकी कृत्य बताया है। वहीं, अमेरिकी सेना के सेंट्रल कमांड ने इसे सीजफायर यानी युद्धविराम का बड़ा उल्लंघन करार दिया है। अमेरिकी सेना के अनुसार ईरान ने इस हमले से शांति समझौते को नुकसान पहुंचाया है। हालांकि, इस तनाव के बीच अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु वार्ता शुरू करने की बातचीत भी चल रही है।
क्या इस हमले से खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों पर कोई असर पड़ेगा?
कुवैत और यूएई जैसे खाड़ी देशों में बड़ी संख्या में भारतीय और अन्य देशों के प्रवासी रहते हैं। इस तरह के हवाई हमलों और सैन्य तनाव के कारण उड़ानों के रूट में अस्थाई बदलाव देखने को मिल सकता है, जिससे यात्रा करने वालों को कुछ परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, कुवैत की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह से मजबूत है और स्थिति नियंत्रण में बनी हुई है, इसलिए वहां रहने वाले प्रवासियों को घबराने की जरूरत नहीं है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
कुवैत पर यह हमला कब और किस देश की तरफ से किया गया था?
कुवैत पर यह ड्रोन और मिसाइल हमला 27 और 28 मई 2026 को हुआ था। इसका आरोप ईरान पर लगा है, जिसने मिसाइल और ड्रोन के जरिए कुवैत को निशाना बनाने की कोशिश की थी।
यूएई ने कुवैत के समर्थन में क्या कदम उठाया है?
यूएई के उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री ने कुवैत के विदेश मंत्री को फोन कर इस हमले की कड़ी निंदा की और कहा कि यूएई कुवैत की संप्रभुता की रक्षा के लिए उसके साथ मजबूती से खड़ा है।