कुवैत की सुरक्षा व्यवस्था पर हाल ही में ईरान की ओर से बड़ा हमला किया गया। 14 और 15 जुलाई 2026 को कुवैती सेना ने अपने हवाई क्षेत्र में दुश्मन के कई ड्रोन और मिसाइलों को मार गिराया। कुवैत के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता कर्नल सऊद अल-अतवान ने पुष्टि की है कि सेना ने अपनी सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाए हैं।
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हमले की पूरी जानकारी
14 जुलाई 2026 को कुवैत की रक्षा प्रणाली ने एक बैलिस्टिक मिसाइल, पांच क्रूज मिसाइल और 33 हथियारबंद ड्रोन को हवा में ही नाकाम कर दिया। इसके अगले दिन यानी 15 जुलाई 2026 को फिर से चार मोबाइल मिसाइल और 21 ड्रोन का पता लगाया गया और उन्हें मार गिराया गया। इन हमलों के कारण देश की कई महत्वपूर्ण और नागरिक जगहों पर नुकसान हुआ है।
प्रवासियों की सुरक्षा और स्थिति
इन हमलों के चलते आवासीय और औद्योगिक क्षेत्रों में मलबे गिरने से नुकसान तो हुआ है, लेकिन राहत की बात यह है कि सेना ने बताया है कि किसी आम नागरिक की जान नहीं गई है। हालांकि, हमलों के दौरान एक कुवैती नौसेना के जहाज को निशाना बनाया गया, जिसमें चार नौसैनिक घायल हो गए थे। घायलों का इलाज चल रहा है और उनकी स्थिति अब स्थिर है। कुवैती सेना ने दोहराया है कि वे अपने नागरिकों और प्रवासियों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह तैयार हैं और देश की सीमाओं की रक्षा के लिए अपनी ड्यूटी पर तैनात हैं।
