कुवैत सरकार ने न्यायिक प्रणाली में बड़ा बदलाव करने का फैसला लिया है। Ministry of Justice ने आधिकारिक तौर पर घोषणा की है कि 2026 के अंत तक न्याय विभाग के सभी सहायक पदों पर सिर्फ स्थानीय कुवैती नागरिक ही काम करेंगे। इस पहल का मुख्य उद्देश्य मंत्रालय के कामकाज में आत्मनिर्भरता लाना है। इस बारे में जानकारी देते हुए मंत्रालय की Undersecretary, Awatif Abdullatif Al-Sanad ने बताया कि यह कदम सरकारी कामकाज को और अधिक सुचारू बनाने के लिए उठाया गया है।

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2030 तक पूरी तरह कुवैतीकरण का लक्ष्य

न्याय मंत्री Counselor Nasser Al-Sumait ने साफ किया है कि सरकार का लक्ष्य 2030 तक पूरी तरह से कुवैतीकरण हासिल करना है। इसके तहत विदेशी कर्मचारियों को धीरे-धीरे योग्य स्थानीय नागरिकों से बदला जाएगा। इसी योजना के हिस्से के रूप में General Department of Experts के इंजीनियरिंग, अकाउंटिंग और कानूनी अनुसंधान के पदों से भी विदेशी स्टाफ को 1 अगस्त 2026 तक हटा दिया जाएगा।

बदलाव की मुख्य बातें

  • कोर्ट बेलिफ के पद को अब Coordinator of Judicial Sessions के नाम से जाना जाएगा, जिस पर भर्ती प्रक्रिया 10 जनवरी 2026 से शुरू हो चुकी है।
  • फरवरी 2026 में पहली बार 28 महिलाओं को कोर्ट सेशन सेक्रेटरी के पद पर नियुक्त किया गया है।
  • 5 जुलाई 2026 को जारी चार डिक्री-कानूनों के जरिए न्यायिक ग्रेड के नियमों में ढील दी गई है, ताकि अदालतों में काम करने वाले कर्मचारियों की नियुक्ति और केस निपटाने की प्रक्रिया तेज हो सके।
Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.