कुवैत में सुरक्षा और नियमों को लेकर सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। बुधवार, 15 जुलाई 2026 को जलीब अल-शुयूख इलाके में एक बड़ा सुरक्षा और निरीक्षण अभियान चलाया गया। इस पूरे ऑपरेशन की निगरानी सीधे फर्स्ट डिप्टी प्राइम मिनिस्टर और मिनिस्टर ऑफ इंटीरियर शेख फहद यूसुफ सऊद अल-सबा कर रहे हैं। इस मुहिम का मकसद पूरे कुवैत में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना और कानून तोड़ने वालों पर लगाम लगाना है।
सुरक्षा के लिए सख्त रुख
शेख फहद यूसुफ सऊद अल-सबा ने साफ कर दिया है कि गैर-कानूनी संपत्तियों और सुरक्षा से जुड़े उल्लंघनों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी। जलीब अल-शुयूख में गंदगी, स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं और भीड़भाड़ वाली अवैध रिहाइश के कारण बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ गया था। अधिकारी अब उन सभी इमारतों और जगहों पर कार्रवाई कर रहे हैं जो सुरक्षा मानकों को पूरा नहीं करती हैं। इसमें अवैध तरीके से बने मकान, स्ट्रीट वेंडर और श्रम कानूनों का उल्लंघन करने वाले शामिल हैं।
चारों सैन्य एजेंसियों की पहली संयुक्त कार्रवाई
यह पहली बार है जब कुवैत की चारों सैन्य एजेंसियां—कुवैती सेना, मिनिस्ट्री ऑफ इंटीरियर, कुवैत नेशनल गार्ड और जनरल फायर फोर्स—एक साथ मिलकर किसी अभियान को अंजाम दे रही हैं। इनके अलावा कुवैत म्यूनिसिपलिटी, पब्लिक अथॉरिटी फॉर मैनपावर और अन्य मंत्रालय भी इस काम में जुटे हैं। इस अभियान में अब तक 1,000 से ज्यादा आवासीय इमारतों को टारगेट किया गया है और करीब 350 इमारतों को खाली करा लिया गया है। जिन इमारतों में नियम पूरे नहीं हैं, वहां से बिजली और पानी जैसी सुविधाएं काट दी गई हैं और लोगों को अस्थाई आवास केंद्रों में भेज दिया गया है। यह जांच अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक कि सभी चिह्नित इमारतों की पूरी तरह से जांच न हो जाए।
