कुवैत के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. अहमद अल-अवाधी ने एक मेडिकल सेंटर को तुरंत बंद करने का आदेश दिया है. जांच के दौरान इस सेंटर में ऐसी गंभीर गलतियां मिलीं जिनसे मरीजों की सेहत और सुरक्षा को बड़ा खतरा हो सकता था. सरकार ने अब इस सेंटर और इसके स्टाफ को कानूनी कार्रवाई के लिए अधिकारियों के हवाले कर दिया है.

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मेडिकल सेंटर में कौन सी बड़ी खामियां मिलीं?

स्वास्थ्य मंत्रालय के निरीक्षण विभाग ने जब जांच की तो वहां नियमों की जमकर धज्जियां उड़ती मिलीं. सेंटर में मरीजों को गुमराह किया जा रहा था और बिना योग्यता के इलाज किया जा रहा था. मुख्य गलतियां नीचे दी गई हैं:

खामी का प्रकार विवरण
पहचान की चोरी सेंटर दूसरे पुराने बंद हो चुके सेंटर के नाम पर चल रहा था
स्टाफ की समस्या लाइसेंस और स्टाफ की पहचान मेल नहीं खा रही थी
बिना लाइसेंस इलाज बिना डिग्री वाले लोग मेडिकल सलाह और इलाज कर रहे थे
रिकॉर्ड की कमी मरीजों की बीमारी और जांच का सही रिकॉर्ड मौजूद नहीं था
बिना मंजूरी सर्जरी बाल ट्रांसप्लांट जैसे काम बिना अनुमति के किए जा रहे थे
गलत विज्ञापन सोशल मीडिया पर फर्जी अकाउंट से प्रचार किया जा रहा था

अब आगे क्या होगा और कौन से नियम लागू होंगे?

इस पूरे मामले को मेडिकल लायबिलिटी अथॉरिटी (MLA) के पास भेजा गया है. यह संस्था तकनीकी जांच करेगी कि मेडिकल गलती कितनी बड़ी थी और स्टाफ पर क्या कार्रवाई होनी चाहिए. कुवैत का कानून नंबर 70 (2020) मरीजों की सुरक्षा और डॉक्टरों के लाइसेंस को लेकर बहुत सख्त नियम बनाता है.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने साफ कहा है कि किसी भी ऐसे संस्थान को बख्शा नहीं जाएगा जो मरीजों की जान से खिलवाड़ करेगा. यह कदम इसलिए उठाया गया ताकि कुवैत में रहने वाले सभी लोग और भारतीय प्रवासी सुरक्षित इलाज पा सकें और उन्हें किसी भी तरह की धोखाधड़ी का सामना न करना पड़े.

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.