कुवैत में सोशल मीडिया पर एक खबर चर्चा में है जिसमें दावा किया जा रहा है कि तरावीह की नमाज को अगली सूचना तक रोक दिया गया है। हालांकि, मौजूदा जानकारी के मुताबिक कुवैत सरकार की तरफ से ऐसा कोई आधिकारिक ऐलान नहीं किया गया है। कुवैत में रहने वाले भारतीय प्रवासियों को सही जानकारी होनी चाहिए कि मस्जिदों में तैयारियां पूरी हैं और इबादत का दौर जारी है। मंत्रालय ने रमजान के लिए विशेष इंतजाम भी किए हैं।

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क्या सच में बंद हुई तरावीह की नमाज?

कुवैत के अवकाफ और इस्लामिक मामलों के मंत्रालय की तरफ से तरावीह की नमाज को पूरी तरह रोकने का कोई आदेश नहीं आया है। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, 28 फरवरी 2026 की शाम तक किसी भी सरकारी एजेंसी ने नमाज रोकने की पुष्टि नहीं की है। मंत्रालय के अधिकारियों ने साफ किया है कि रमजान के लिए मस्जिदें पूरी तरह तैयार हैं।

मंत्रालय के कार्यवाहक अवर सचिव डॉ. सुलेमान सालेह अल-सुवेलेम ने पहले ही बताया था कि देश भर में 1,861 मस्जिदें और 35 बड़े रमजान केंद्र तैयार किए गए हैं। इन जगहों पर नमाज और तरावीह के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं ताकि लोग बिना किसी परेशानी के इबादत कर सकें। अफवाहों पर ध्यान देने के बजाय आधिकारिक खबरों पर भरोसा करना बेहतर है।

रमजान के लिए मस्जिद के नए नियम

भले ही नमाज बंद नहीं हुई है, लेकिन कुछ सख्त नियम जरूर लागू किए गए हैं जिनका पालन करना सभी के लिए जरूरी है। मंत्रालय ने मस्जिदों में बाहरी लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर रोक लगाई है। तरावीह समेत सभी नमाजों के लिए आवाज केवल मस्जिद के अंदर ही रहनी चाहिए ताकि आसपास के लोगों को दिक्कत न हो।

इसके अलावा, मस्जिदों के अंदर नकद चंदा इकट्ठा करने पर भी सख्ती की गई है। अब दान केवल आधिकारिक इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से ही दिया जा सकता है। रमजान के दौरान भीड़ को देखते हुए इमाम और मुअज्जिन की छुट्टियों पर भी रोक लगा दी गई है ताकि मस्जिदों में व्यवस्था सुचारू रूप से चलती रहे।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.