कुवैत ने एक बार फिर यह साफ़ कर दिया है कि वह दुनिया या क्षेत्र की किसी भी लड़ाई का हिस्सा नहीं बनेगा। दक्षिण अफ्रीका में कुवैत के राजदूत सालेम अल-शिबली ने कहा कि कुवैत अपनी ज़मीन का इस्तेमाल किसी भी हमले के लिए नहीं होने देगा। कुवैत की विदेश नीति शांति, तटस्थता और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के सम्मान पर आधारित है।

समुद्री रास्तों और Strait of Hormuz पर क्या है कुवैत का स्टैंड?

कुवैत का मानना है कि Strait of Hormuz एक अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग है और यहाँ जहाजों का आना-जाना बिना किसी रुकावट के होना चाहिए। राजदूत अल-शिबली ने चेतावनी दी कि अगर इन रास्तों को बंद या बाधित किया गया, तो पूरी दुनिया में तेल और गैस की सप्लाई पर बुरा असर पड़ेगा। विदेश मंत्री शेख जराह अल-जाबेर अल-सबाह ने भी इस बात पर ज़ोर दिया कि इस रास्ते की सुरक्षा 1982 के संयुक्त राष्ट्र समुद्री कानून के तहत होनी चाहिए।

हाल के हमलों और सुरक्षा को लेकर क्या अपडेट है?

अप्रैल के शुरुआती दिनों में कुवैत पर ड्रोन और मिसाइल हमले हुए थे, जिनमें कुछ ऊर्जा केंद्रों को निशाना बनाया गया था। हालांकि, आंतरिक मंत्रालय ने अब जानकारी दी है कि कुवैत का हवाई क्षेत्र सुरक्षित है और पिछले 24 घंटों में कोई खतरा नहीं देखा गया। इस बीच, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने प्रस्ताव 2817 पास किया है, जिसमें कुवैत और अन्य GCC देशों पर हुए हमलों की निंदा की गई है।

आम लोगों और कारोबारियों के लिए क्या इंतज़ाम किए गए?

क्षेत्रीय तनाव के कारण जिन व्यापारियों और कारोबारियों का काम प्रभावित हुआ है, उनके लिए सेंट्रल बैंक ने लोन की किस्तों को आगे बढ़ाने की सुविधा दी है। इसके अलावा, पब्लिक अथॉरिटी फॉर एप्लाइड एजुकेशन एंड ट्रेनिंग (PAAET) ने लोगों की मदद के लिए एक सुरक्षा गाइड जारी की है, ताकि इमरजेंसी के समय लोग अपनी सुरक्षा कर सकें।

तारीख मुख्य घटना / अपडेट
11 अप्रैल 2026 राजदूत सालेम अल-शिबली ने तटस्थता और समुद्री सुरक्षा की बात कही
5 अप्रैल 2026 कुवैत के एयर डिफेंस ने मिसाइल और ड्रोन हमलों को रोका
4 अप्रैल 2026 कुवैत के ऊर्जा केंद्रों पर ड्रोन और मिसाइल हमले हुए
3 अप्रैल 2026 UN सुरक्षा परिषद में समुद्री ट्रैफिक बचाने के प्रस्ताव पर चर्चा हुई
2 अप्रैल 2026 विदेश मंत्री ने Strait of Hormuz की सुरक्षा पर ज़ोर दिया
फरवरी 2026 इराक द्वारा समुद्री सीमा के नक्शे बदलने पर विवाद शुरू हुआ
Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.