Kuwait Oil Price: कुवैत में तेल की कीमत गिरकर हुई 87.43 डॉलर प्रति बैरल, जानिए क्या है पूरा मामला.

Sushma Kumari26 August 20262 min read66 viewsKuwait
Kuwait Oil Price: कुवैत में तेल की कीमत गिरकर हुई 87.43 डॉलर प्रति बैरल, जानिए क्या है पूरा मामला.

कुवैत से बड़ी खबर सामने आ रही है जहाँ ग्लोबल मार्केट में उतार-चढ़ाव के बीच Kuwait Petroleum Corporation (KPC) ने कुवैती तेल की नई कीमत जारी कर दी है। सरकारी एजेंसी Kuwait News Agency (KUNA) से मिली जानकारी के मुताबिक, 26 अगस्त 2026 तक कुवैती तेल का भाव लुढ़ककर USD 87.43 प्रति बैरल पर आ गया है। इस हालिया बदलाव से पहले बाजार में लगातार कीमतों ऊपर-नीचे होती रही हैं, जिससे तेल कारोबार से जुड़े लोग और अधिकारी लगातार इस पर नजर बनाए हुए हैं।

तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और पिछले आंकड़े

अगर पिछले कुछ दिनों के आंकड़ों पर नजर डालें तो बाजार में काफी बदलाव देखने को मिला है। KPC के रिकॉर्ड के अनुसार, 24 अगस्त 2026 को कुवैत एक्सपोर्ट क्रूड की कीमत USD 92.65 प्रति बैरल थी, जबकि 21 अगस्त 2026 को यह भाव USD 93.71 प्रति बैरल दर्ज किया गया था। इस महीने की शुरुआत में भी कीमतों में भारी अस्थिरता रही है। उदाहरण के लिए, 21 अगस्त को कीमत USD 90.26 तक पहुंची थी, तो वहीं 13 अगस्त 2026 को यह गिरकर सबसे निचले स्तर यानी USD 82.84 प्रति बैरल पर आ गई थी। इस बारे में अधिक जानकारी आप यहाँ देख सकते हैं और साथ ही इस लिंक पर क्लिक करके भी पुरानी रिपोर्ट पढ़ सकते हैं।

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ऊर्जा क्षेत्र में बड़े बदलाव और नए नियम

यह सारे बदलाव ऐसे समय में हो रहे हैं जब कुवैत के ऊर्जा सेक्टर में बहुत बड़े प्रशासनिक और ढांचागत सुधार किए जा रहे हैं। देश में लागू हुए Decree-Law No. 67 of 2026 के तहत, जो कि 28 जून 2026 से असर में आया है, कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन अब पूरी तरह से कॉमर्शियल सिद्धांतों पर काम कर रहा है। इस नए नियम के तहत कंपनी के अधिकारों का दायरा बढ़ाया गया है, जिसमें अब रिन्यूएबल यानी नवीकरणीय ऊर्जा का विकास करना भी शामिल किया गया है। इस नए decreto ने KPC के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स को पहले से ज्यादा काम करने की आजादी दी है, क्योंकि सुप्रीम पेट्रोलियम काउंसिल के पास मौजूद प्रशासनिक अधिकार अब ट्रांसफर कर दिए गए हैं। साथ ही, कॉरपोरेट कॉन्ट्रैक्ट्स में किसी भी तरह के लोकल या कमीशन एजेंट के इस्तेमाल पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है।

आर्थिक स्थिति और पिछला मुनाफा

वित्तीय मोर्चे पर बात करें तो KPC की स्थिति अभी भी काफी मजबूत बनी हुई है। कंपनी ने 31 मार्च 2026 को समाप्त हुए 2025/2026 वित्त वर्ष के लिए कुल KD 2.155 बिलियन का शुद्ध मुनाफा यानी नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। कंपनी के मैनेजमेंट का कहना है कि यह शानदार प्रदर्शन कामकाज में सुधार लाने, फिजूलखर्च को पूरी तरह खत्म करने और ग्लोबल मार्केट में सही समय पर सही फैसले लेने की वजह से संभव हो पाया है। हालांकि, यह सब गतिविधियां उस मुश्किल दौर के बाद आई हैं जब साल 2026 की शुरुआत में कुवैत को होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में शिपिंग से जुड़ी परेशानियों के कारण कच्चे तेल और रिफाइंड उत्पादों के एक्सपोर्ट पर फोर्स majeure घोषित करना पड़ा था।

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