कुवैत में रहने वाले विदेशी कामगारों के लिए एक बड़ी राहत की खबर आई है। कुवैत के पब्लिक अथॉरिटी फॉर मैनपावर (PAM) ने नए लेबर नियमों के तहत अब तक 11,654 वर्करों के ट्रांसफर आवेदनों को मंजूरी दे दी है। यह फैसला उन प्रवासियों के लिए बहुत मददगार साबित हो रहा है जो पहले अपनी नौकरी बदलने के लिए पात्र नहीं थे। सरकार का यह कदम लेबर मार्केट को सुधारने और प्रवासियों को बेहतर अवसर देने के लिए उठाया गया है।

किस सेक्टर में कितने प्रवासियों को मिली नौकरी बदलने की इजाजत?

आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, सबसे ज्यादा फायदा छोटे प्रोजेक्ट्स यानी स्मॉल प्रोजेक्ट्स सेक्टर के वर्करों को मिला है। कुल ट्रांसफर में से 60 प्रतिशत से अधिक ट्रांसफर इसी सेक्टर में हुए हैं। नीचे दी गई तालिका में सेक्टर के हिसाब से मंजूर किए गए ट्रांसफर की पूरी जानकारी दी गई है:

सेक्टर का नाम मंजूर ट्रांसफर की संख्या
स्मॉल प्रोजेक्ट्स सेक्टर 7,016
कृषि क्षेत्र (Agriculture) 2,160
औद्योगिक प्रतिष्ठान (Industrial) 1,293
चरवाहा क्षेत्र (Grazing) 1,057
मछली पकड़ने का क्षेत्र (Fishing) 128

यह आंकड़े 23 मई 2026 तक के हैं, जिन्हें विभाग ने हाल ही में जारी किया है।

क्या हैं नए नियम और यह कब तक लागू रहेंगे?

कुवैत के गृह मंत्रालय और उप प्रधानमंत्री शेख फहद अल-यूसुफ अल-सबाह के निर्देशों पर मिनिस्ट्रियल रेजोल्यूशन नंबर 2 ऑफ 2026 को लागू किया गया था। यह नियम 1 मई 2026 से लागू हुआ है और 30 जून 2026 तक वैध रहेगा। यह प्रवासियों के लिए एक सीमित समय का मौका है जिसके तहत वे अपनी नौकरी दूसरी कंपनियों में ट्रांसफर कर सकते हैं। कंपनियों को इन आवेदनों को भेजने के लिए डिजिटल ‘Ashal’ सर्विस प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करना होता है।

इसके साथ ही, कुवैत सरकार ने 24 मई 2026 को एक और बड़ा प्रशासनिक निर्णय संख्या 680 जारी किया है। इसके तहत यदि कोई कफील या एम्प्लॉयर वर्कर का वर्क परमिट समय पर रिन्यू नहीं करता है, या वर्कर के खिलाफ झूठी शिकायत दर्ज कराता है, तो पीड़ित वर्कर एक साल की अनिवार्य अवधि पूरी किए बिना भी अपना ट्रांसफर करा सकता है।

प्रवासियों और भारतीय कामगारों पर इसका क्या असर होगा?

कुवैत में काम करने वाले हजारों भारतीय प्रवासियों के लिए यह बहुत बड़ी राहत है। अक्सर कफील या कंपनी की मनमानी की वजह से वर्कर फंसा महसूस करते थे और एक साल से पहले नौकरी नहीं बदल पाते थे। अब नए नियम आने के बाद, अगर नियोक्ता कोई गलती करता है या प्रताड़ित करता है, तो वर्कर आसानी से कानून का सहारा लेकर अपनी नौकरी बदल सकेंगे। इससे प्रवासियों को काम करने का सुरक्षित माहौल मिलेगा और अवैध रूप से फंसाने वाले कफीलों पर लगाम लगेगी।

Frequently Asked Questions (FAQs)

कुवैत में नौकरी ट्रांसफर करने की यह छूट कब तक चालू रहेगी?

मिनिस्ट्रियल रेजोल्यूशन नंबर 2 ऑफ 2026 के तहत यह विशेष छूट 1 मई 2026 से चालू है और केवल 30 जून 2026 तक ही वैध रहेगी।

क्या एक साल से पहले भी कुवैत में नौकरी बदली जा सकती है?

हां, नए प्रशासनिक निर्णय संख्या 680 के तहत यदि एम्प्लॉयर वर्क परमिट नहीं बनाता है या कोई झूठी शिकायत दर्ज कराता है, तो वर्कर एक साल पूरा होने से पहले भी ट्रांसफर ले सकता है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.