कुवैत में लगातार दूसरे दिन ईरान की तरफ से हमला किया गया है। 19 जुलाई 2026 को कुवैत के बिजली और पानी के प्लांट पर हुए हमले से भारी नुकसान की खबर है। इस हमले के कारण प्लांट में आग लग गई और कई बिजली जनरेटर इकाइयां बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। इससे पहले 18 जुलाई 2026 को भी ऐसा ही एक हमला हुआ था।

कुवैत और सऊदी अरब ने की हमले की निंदा

कुवैत के विदेश मंत्रालय ने इस हमले को सीधे तौर पर नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमला बताया और ईरान को इसका जिम्मेदार ठहराया। सऊदी अरब ने भी ईरान की इस हरकत की निंदा करते हुए इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है। सऊदी अधिकारियों ने कहा कि ईरान की यह कार्रवाई क्षेत्र की सुरक्षा के लिए खतरा है और इसे तुरंत रोकना जरूरी है।

GCC और अरब लीग की प्रतिक्रिया

गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल (GCC) के महासचिव Jasem Mohamed Albudaiwi ने इस हमले को विश्वासघाती और युद्ध अपराध की श्रेणी में रखा है। वहीं, अरब लीग के महासचिव Nabil Fahmy ने मध्य पूर्व में बढ़ती हिंसा को लेकर चिंता जताई है और सभी पक्षों से बातचीत के जरिए शांति बहाल करने की अपील की है।

वर्तमान में ईरान का इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) कुवैत में अमेरिकी सैन्य केंद्रों को निशाना बनाने की बात कर रहा है, लेकिन आम नागरिकों के बिजली और पानी के प्लांट पर हमले से पूरे क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है। फिलहाल, नुकसान की सटीक जानकारी या किसी के हताहत होने की खबर अभी जारी नहीं की गई है।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.