कुवैत की एक अदालत ने सेंट्रल प्रिजन में लगी भीषण आग के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने एक Egyptian foreman और एक Bangladeshi व्यक्ति को 3 साल की कैद की सजा सुनाई है। इस दुखद हादसे में Ministry of Interior के तीन कर्मचारियों की मौत हो गई थी, जिसके बाद अब कानूनी कार्रवाई पूरी हुई है।
अदालत ने क्या सजा सुनाई और लापरवाही क्या थी?
Counselor Ahmed Al-Sadi की अध्यक्षता वाली Criminal Court ने दोनों आरोपियों को दोषी पाया है। कोर्ट ने कहा कि सुरक्षा नियमों का पालन न करने और बड़ी लापरवाही बरतने की वजह से यह आग लगी, जिससे तीन लोगों की जान गई। सजा के साथ ही, सजा के निलंबन की शर्त के रूप में 200 दीनार का जमानत शुल्क भी तय किया गया है।
हादसे में कौन मारे गए और यह घटना कब हुई थी?
यह भयानक आग 11 जनवरी 2026 को Sulaibiya स्थित General Administration of Correctional Institutions की बिल्डिंग में लगी थी। Sulaibiya पुलिस स्टेशन में इस मामले की रिपोर्ट नंबर (2026/8) के तहत दर्ज की गई थी। इस हादसे में Ministry of Interior के तीन जांबाज कर्मी मारे गए, जिनमें Saud Al-Khamsan, Khalid Al-Sharaf और Sergeant Mohammed Saad Al-Hajri शामिल थे। Sergeant Al-Hajri ने 21 जनवरी 2026 को इलाज के दौरान दम तोड़ दिया था, जिन्हें मंत्रालय ने ‘कर्तव्य का शहीद’ बताया।
यह मामला उन सभी प्रवासियों के लिए एक बड़ी चेतावनी है जो Gulf देशों में तकनीकी या सुपरवाइजर के तौर पर काम कर रहे हैं। सुरक्षा नियमों की अनदेखी न केवल जानलेवा हो सकती है, बल्कि इसके गंभीर कानूनी नतीजे भी भुगतने पड़ सकते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
कुवैत की जेल में लगी आग के मामले में किसे सजा मिली है?
Criminal Court ने एक Egyptian foreman और एक Bangladeshi व्यक्ति को 3 साल की जेल की सजा सुनाई है क्योंकि उन्होंने सुरक्षा नियमों की अनदेखी की थी।
इस आगजनी की घटना में कुल कितने लोगों की जान गई?
इस हादसे में Ministry of Interior के तीन कर्मियों की मौत हुई, जिनमें Saud Al-Khamsan, Khalid Al-Sharaf और Sergeant Mohammed Saad Al-Hajri शामिल थे।
