कुवैत के आंतरिक मंत्रालय (MoI) ने पवित्र महीने रमज़ान के लिए एक व्यापक सुरक्षा और ट्रैफिक योजना की घोषणा की है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि कानून के उल्लंघन और किसी भी तरह के गलत व्यवहार को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह नियम कुवैत में रहने वाले सभी नागरिकों और प्रवासियों पर समान रूप से लागू होंगे, जिसमें बड़ी संख्या में भारतीय प्रवासी भी शामिल हैं। यह नियम 19 फरवरी 2026 के आसपास शुरू होने वाले रमज़ान के महीने के लिए लागू किए गए हैं।

सार्वजनिक रूप से खाने और भीख मांगने पर क्या है सजा?

कुवैत के कानून संख्या 44 (साल 1968) के तहत रमज़ान के दौरान उपवास के घंटों में सार्वजनिक रूप से खाने या पीने पर सख्त पाबंदी है। यह नियम मुसलमानों और गैर-मुसलमानों दोनों पर लागू होता है। इसका उल्लंघन करने पर एक महीने तक की जेल या 100 दीनार (KD) का जुर्माना या दोनों सजा मिल सकती है। इसके अलावा, जो दुकानें या रेस्टोरेंट दिन में सार्वजनिक रूप से खाना खिलाते पकड़े जाएंगे, उन्हें अस्थायी रूप से बंद किया जा सकता है।

  • भीख मांगना: बाजारों और मस्जिदों के पास भीख मांगने वालों को पकड़ने के लिए विशेष सुरक्षा टीमें तैनात रहेंगी।
  • डिपोर्टेशन: भीख मांगते पकड़े जाने वाले प्रवासियों को तुरंत कुवैत से डिपोर्ट कर दिया जाएगा।
  • वीज़ा असर: यह नियम विशेष रूप से आर्टिकल 22, फैमिली वीज़ा और विजिट वीज़ा पर आए लोगों पर लागू होगा। उल्लंघन करने वालों के स्पॉन्सर्स के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

मस्जिद और चंदा देने के लिए नए नियम

मंत्रालय ने साफ किया है कि मस्जिदों में नकद चंदा जमा करना या इकट्ठा करना पूरी तरह से प्रतिबंधित है। दान केवल डिजिटल माध्यमों जैसे के-नेट, बैंक ट्रांसफर या अधिकृत मोबाइल ऐप के जरिए ही किया जा सकेगा। मस्जिदों के बाहरी लाउडस्पीकर का इस्तेमाल केवल नमाज और तरावीह के लिए सीमित रहेगा ताकि सार्वजनिक व्यवस्था बनी रहे। इफ्तार दावत आयोजित करने के लिए मंत्रालय और मस्जिद के इमाम से लिखित मंजूरी लेना अनिवार्य है।

नियम का क्षेत्र विवरण और समय सीमा
काम के घंटे MoI दफ्तर सुबह 10:00 से दोपहर 2:30 बजे तक खुलेंगे।
प्राइस कंट्रोल जरूरी चीजों के दाम न बढ़ें, इसके लिए विशेष टीमें बाजारों की निगरानी करेंगी।
ट्रैफिक व्यवस्था इफ्तार से पहले और तरावीह के बाद मुख्य सड़कों पर पुलिस की गश्त बढ़ाई जाएगी।

सुरक्षा और निगरानी के सख्त इंतजाम

बाजारों और मस्जिदों के पास सीसीटीवी कैमरों के जरिए निगरानी की जाएगी और इन्हें आधिकारिक सबूत के तौर पर इस्तेमाल किया जाएगा। कुवैत सरकार ने हाल ही में राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने के लिए एक गोला-बारूद फैक्ट्री का भी उद्घाटन किया है। आम जनता से अपील की गई है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या भीख मांगने की शिकायत करने के लिए इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर 112 पर तुरंत सूचना दें। कुवैत में रह रहे भारतीयों और अन्य प्रवासियों को सलाह दी गई है कि वे स्थानीय कानूनों का सम्मान करें ताकि किसी भी कानूनी कार्रवाई या निर्वासन से बचा जा सके।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.