कुवैत में रमजान के महीने में दान देने की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए सरकार ने सख्त कदम उठाए हैं। Ministry of Social Affairs (MoSA) और कुवैत म्युनिसिपलिटी की टीमों ने मिलकर 140 से ज्यादा अवैध कपड़ों के डोनेशन कियोस्क को ज़ब्त कर लिया है। यह कार्रवाई उन लोगों को रोकने के लिए की गई है जो बिना अनुमति के दान इकट्ठा कर रहे थे। अधिकारियों ने बताया कि पिछले साल की तुलना में इस 23वें वार्षिक रमजान कलेक्शन अभियान में डोनेशन से जुड़े नियमों के उल्लंघन में 70 प्रतिशत की बड़ी कमी आई है।

कुवैत में डोनेशन से जुड़े नए नियम क्या हैं?

कुवैत में प्रवासियों और स्थानीय नागरिकों के लिए दान देने के स्पष्ट नियम बनाए गए हैं ताकि किसी भी तरह की धोखाधड़ी से बचा जा सके और सही लोगों तक मदद पहुंच सके। Cabinet Resolution No. 914/2001 के तहत किसी भी सार्वजनिक स्थान पर बिना लाइसेंस के डोनेशन बॉक्स या कियोस्क लगाना पूरी तरह से अवैध है। कुवैत में रहने वाले प्रवासियों को इन नियमों का पालन करना बहुत जरूरी है।

  • कपड़े या अन्य सामान केवल रजिस्टर्ड चैरिटेबल संस्थाओं के आधिकारिक ब्रांच में ही दिए जा सकते हैं।
  • कैश डोनेशन के लिए सिर्फ आधिकारिक इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफार्म या बैंक ट्रांसफर का इस्तेमाल करना अनिवार्य है।
  • मस्जिद के अंदर या बाहर बिना मंत्रालय की अनुमति के डोनेशन से जुड़े विज्ञापन लगाना मना है।

सोशल मीडिया और मस्जिदों में कैसी है चेकिंग?

कुवैत के अधिकारी केवल सड़कों पर ही नहीं बल्कि सोशल मीडिया पर भी कड़ी नजर रख रहे हैं। कई ऐसे सोशल मीडिया अकाउंट की पहचान की गई है जो बिना अनुमति के लोगों से कैश डोनेशन मांग रहे थे। इन अकाउंट्स के मालिकों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए Ministry of Interior (MoI) को सौंप दिया गया है।

इसके अलावा मस्जिदों की दीवारों पर लगे इफ्तार मील के अवैध विज्ञापनों को भी हटाया गया है। कुवैत में रहने वाले भारतीय और अन्य प्रवासियों को सलाह दी गई है कि वे केवल सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त संस्थाओं के जरिए ही दान करें। दान करने से पहले संस्था की पहचान जरूर जांच लें ताकि उनका पैसा सही जगह पहुंचे और वे किसी भी कानूनी पचड़े से बचे रहें।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com