कुवैत में सोमवार शाम 16 मार्च 2026 को अचानक एयर रेड सायरन बजने से पूरे देश में हलचल मच गई। कुवैती सेना के जनरल स्टाफ ने पुष्टि की है कि उनके एयर डिफेंस सिस्टम ने दुश्मन की मिसाइलों और ड्रोन हमलों को सफलतापूर्वक रोक दिया है। इस हमले के दौरान अहमद अल-जबर एयर बेस (Ahmed Al-Jaber Air Base) को निशाना बनाया गया था, जिसमें सेना के तीन जवान मामूली रूप से घायल हुए हैं। प्रशासन ने स्थिति को देखते हुए सुरक्षा के कड़े नियम लागू कर दिए हैं।

सुरक्षा के लिए जारी हुए जरूरी निर्देश

गृह मंत्रालय और सिविल डिफेंस ने सभी नागरिकों और प्रवासियों के लिए कुछ अनिवार्य सुरक्षा प्रोटोकॉल जारी किए हैं। इन नियमों का पालन करना कानूनी रूप से जरूरी है:

  • सायरन बजते ही तुरंत घर के अंदर जाएं और बेसमेंट या ग्राउंड फ्लोर पर पनाह लें।
  • खिड़कियों, दरवाजों और खुले इलाकों से पूरी तरह दूर रहें।
  • घर की गैस और बिजली की सप्लाई बंद कर दें और ज्वलनशील सामान को सुरक्षित रखें।
  • इमारतों में लिफ्ट (Elevator) का इस्तेमाल बिल्कुल न करें, केवल सीढ़ियों का ही प्रयोग करें।
  • किसी भी तरह की अफवाह न फैलाएं और केवल सरकारी मीडिया की खबरों पर ही यकीन करें।

आम जनजीवन और प्रवासियों पर क्या होगा असर

कुवैत सरकार ने सुरक्षा कारणों से दैनिक जीवन और कामकाज में कई बड़े बदलाव किए हैं। वहां रह रहे भारतीय प्रवासियों और अन्य कामगारों के लिए निम्नलिखित अपडेट जानना जरूरी है:

विषय नया नियम या बदलाव
शिक्षा (Education) सभी स्कूल और यूनिवर्सिटी में अब ऑनलाइन पढ़ाई होगी।
सरकारी दफ्तर ऑफिस में कर्मचारियों की मौजूदगी घटाकर 30% कर दी गई है।
विज़िटर वीज़ा सभी प्रकार के विज़िट वीज़ा की अवधि ऑटोमैटिक एक महीने बढ़ जाएगी।
रमजान टेंट टेंट के लिए 500 KWD फीस और 500 KWD जमा करने होंगे, नियम कड़े हुए।
पानी की सप्लाई पानी के टैंकर के दाम बढ़ाने वालों पर सरकार कानूनी कार्रवाई करेगी।
सार्वजनिक कार्यक्रम सभी तरह के जश्न और सामाजिक कार्यक्रमों पर फिलहाल रोक लगा दी गई है।
Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.