कुवैत में पिछले 24 घंटों के भीतर सुरक्षा स्थिति काफी तनावपूर्ण रही है और तीन बार चेतावनी वाले सायरन बजाए गए हैं। गृह मंत्रालय के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल नासिर बौसलीब ने जानकारी दी है कि सिविल डिफेंस विभाग ने इन सायरनों को सक्रिय किया था। कुवैती सेना ने ईरान की ओर से आए कई ड्रोन और मिसाइलों को हवा में ही मार गिराया है और नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

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पिछले 24 घंटों में सेना की बड़ी कार्रवाई

कुवैती सेना ने शनिवार 4 अप्रैल 2026 को पुष्टि की है कि पिछले 24 घंटों में देश की रक्षा प्रणाली ने 8 बैलिस्टिक मिसाइलों और 19 ड्रोन को सफलतापूर्वक इंटरसेप्ट किया है। सेना के अनुसार आसमान में सुनाई देने वाले धमाके हमलों को हवा में नष्ट करने की वजह से हुए थे। विस्फोटक निरोधक टीमों (EOD) ने रिहायशी इलाकों में गिरे मलबे और छर्रों की 20 शिकायतों पर कार्रवाई की है। 28 फरवरी से अब तक कुवैत कुल 1,045 खतरों का सामना कर चुका है जिनमें बड़ी संख्या में मिसाइलें और ड्रोन शामिल हैं।

बुनियादी सुविधाओं पर असर और सुरक्षा की स्थिति

ईरानी हमलों की वजह से कुवैत की मीना अल-अहमदी रिफाइनरी की कुछ इकाइयों में आग लगने की घटना सामने आई है। इसके अलावा एक बिजली और जल विलवणीकरण स्टेशन पर भी हमला हुआ जिससे वहां की संपत्ति को नुकसान पहुंचा है। हालांकि राहत की बात यह है कि सेना ने इन हमलों में किसी के हताहत होने की खबर नहीं दी है। बिजली और पानी मंत्रालय ने जनता को भरोसा दिलाया है कि देश में आपूर्ति की स्थिति स्थिर बनी हुई है।

रेडिएशन लीक की खबरों का खंडन

नेशनल गार्ड ने सोशल मीडिया पर फैल रही उन अफवाहों को सिरे से खारिज कर दिया है जिनमें रेडिएशन लीक होने का दावा किया जा रहा था। आधिकारिक बयान में कहा गया है कि कुवैत की हवा और पानी में रेडिएशन का स्तर पूरी तरह से सामान्य और सुरक्षित सीमा के भीतर है। संचार मंत्रालय ने भी अपनी सेवाओं की निरंतरता के लिए उच्चतम स्तर की तैयारी की पुष्टि की है। कुवैत में रहने वाले प्रवासियों और नागरिकों से अपील की गई है कि वे केवल आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी पर ही विश्वास करें।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.