खाड़ी देशों में रह रहे लोगों के लिए 28 फरवरी 2026 की सुबह एक बड़ी खबर लेकर आई। अमेरिका और इज़राइल ने मिलकर ईरान पर एक बड़ा सैन्य हमला किया है, जिसके जवाब में ईरान ने भी मिसाइलें दागी हैं। इस तनाव के चलते कुवैत सहित कई गल्फ देशों में खतरे के सायरन गूंज उठे और सुरक्षा बढ़ा दी गई है। हालात को देखते हुए कई जगह फ्लाइट्स भी रोक दी गई हैं।

कुवैत और आसपास के देशों में क्या स्थिति है?

कुवैत में कई जगहों पर, खास तौर पर Ali Al Salem Air Base के पास जोर-जोर से सायरन बजने की आवाजें सुनी गईं। यह बेस अमेरिकी सेना का भी एक अहम ठिकाना है। कुवैत की न्यूज़ एजेंसी KUNA और स्थानीय लोगों ने इन सायरनों की पुष्टि की है। कुवैत सेना ने जानकारी दी है कि उन्होंने अपने हवाई क्षेत्र में कुछ मिसाइलों को सफलतापूर्वक रोक दिया और हवा में ही नष्ट कर दिया।

सिर्फ कुवैत ही नहीं, बल्कि पूरे रीजन में हलचल है। अमेरिका ने इसे Operation Epic Fury नाम दिया है, जबकि इज़राइल ने इसे Operation Roaring Lion कहा है। इसके जवाब में ईरान ने भी जवाबी हमला किया। इस दौरान अबू धाबी में एक व्यक्ति की जान जाने की खबर है, जो इंटरसेप्ट किए गए मलबे की चपेट में आ गया था।

फ्लाइट्स और यात्रियों के लिए क्या हैं नए निर्देश?

इस मिलिट्री एक्शन का सीधा असर हवाई यात्रा पर पड़ा है। कुवैत के सिविल एविएशन विभाग ने सुरक्षा को देखते हुए ईरान जाने वाली सभी उड़ानों को अगले आदेश तक निलंबित कर दिया है। अगर आप दुबई या इराक की तरफ ट्रेवल करने वाले थे, तो आपको अपना शेड्यूल चेक कर लेना चाहिए क्योंकि UAE और इराक ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है।

दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट (DXB) पर कई फ्लाइट्स या तो रद्द हो गई हैं या देरी से चल रही हैं। इसके अलावा, अमेरिका ने कुवैत, बहरीन, कतर, UAE और जॉर्डन में स्थित अपने दूतावासों के जरिए नागरिकों को “Shelter-in-place” यानी सुरक्षित स्थानों पर अंदर ही रहने की सलाह दी है। खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों को भी स्थानीय अधिकारियों के निर्देशों का पालन करना चाहिए।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.