कुवैत ने ईरान की लगातार जारी आक्रामक गतिविधियों पर कड़ा रुख अपनाते हुए अंतरराष्ट्रीय समुदाय को सचेत किया है। जिनेवा में संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (UN Human Rights Council) की एक आपात बैठक के दौरान कुवैत ने साफ कहा कि अब चुप्पी साधने का समय निकल चुका है। कुवैत के स्थायी प्रतिनिधि Nasser Al-Hain ने कहा कि ईरान की यह हरकतें अंतरराष्ट्रीय कानूनों और मानवीय नियमों का सीधा उल्लंघन हैं जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव बढ़ रहा है।

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कुवैत ने ईरान पर क्या आरोप लगाए हैं?

कुवैत के प्रतिनिधि Nasser Al-Hain ने ईरान द्वारा किए गए कई गंभीर उल्लंघनों का ज़िक्र किया है। उन्होंने बताया कि कुवैत के महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर और सुरक्षा को ईरान की गतिविधियों से खतरा पैदा हो रहा है। कुवैत की ओर से गिनाए गए मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं।

प्रभावित क्षेत्र उल्लंघन का प्रकार
Kuwait International Airport हमले की कार्रवाई
तेल रिफाइनरी और गैस क्षेत्र महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे पर हमला
Strait of Hormuz समुद्री आवाजाही में बाधा और खतरा
रियाद बैठक मंत्रिस्तरीय बैठक के दौरान सुरक्षा खतरा
संयुक्त राष्ट्र चार्टर अंतरराष्ट्रीय नियमों और सुरक्षा परिषद प्रस्ताव 2817 का उल्लंघन

क्षेत्रीय शांति के लिए कुवैत की क्या है अपील?

कुवैत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि इस आक्रामकता को रोकने के लिए ठोस और निर्णायक कदम उठाए जाएं ताकि क्षेत्रीय शांति और स्थिरता को बचाया जा सके। कुवैत ने चेतावनी दी है कि हालात अब गंभीर स्तर पर पहुंच चुके हैं और इसे नजरअंदाज करना मुमकिन नहीं है। कुवैत ने GCC द्वारा लाए गए उस प्रस्ताव का भी समर्थन किया है जिसमें ईरान से इन गतिविधियों को बंद करने और नुकसान की भरपाई करने की मांग की गई है। इसके अलावा कुवैत ने संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 51 के तहत अपने आत्मरक्षा के अधिकार को भी दोहराया है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.