कुवैत में गाड़ी चलाने वालों के लिए नियम अब बेहद सख्त हो गए हैं। कुवैत के आंतरिक मंत्रालय ने साफ कर दिया है कि सड़क पर एम्बुलेंस या पुलिस की गाड़ी को रास्ता न देना एक गंभीर अपराध माना जाएगा। अगर आप वहां प्रवासी ड्राइवर के तौर पर काम कर रहे हैं या अपनी गाड़ी चलाते हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है क्योंकि इसमें जेल जाने तक की नौबत आ सकती है। प्रशासन ने एम्बुलेंस और इमरजेंसी गाड़ियों के लिए रास्ता खाली न करने वालों पर कड़ी निगरानी शुरू कर दी है।

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क्या है नया नियम और कितना लगेगा जुर्माना

कुवैती ट्रैफिक कानून के तहत अगर कोई ड्राइवर सायरन बजाती हुई एम्बुलेंस या किसी सरकारी इमरजेंसी वाहन को रास्ता नहीं देता है, तो उस पर भारी कार्रवाई होगी। शुरुआत में इस गलती के लिए 75 कुवैती दीनार (KWD) का जुर्माना भरना पड़ सकता है। अगर मामला कोर्ट तक पहुंच गया, तो यह जुर्माना बढ़कर 300 कुवैती दीनार तक हो जाएगा।

सिर्फ पैसे भरने से बात नहीं बनेगी, दोषी पाए जाने पर ड्राइवर को अधिकतम 3 महीने तक की जेल भी हो सकती है। कानून के मुताबिक, ऐसे मामलों में खतरनाक ड्राइविंग मानते हुए पुलिस को गाड़ी जब्त करने का भी अधिकार दिया गया है। हाल ही में कई वीडियो सामने आए थे जहां लोग एम्बुलेंस को जगह नहीं दे रहे थे, जिसके बाद यह सख्ती बढ़ाई गई है।

प्रवासियों को कुवैत से निकाला जा सकता है

कुवैत में रहने वाले विदेशी नागरिकों के लिए यह नियम और भी ज्यादा कड़े हैं। नए अपडेट के मुताबिक, अगर कोई प्रवासी ड्राइवर एम्बुलेंस का रास्ता रोकता है या रेड लाइट जंप जैसी गंभीर गलती करता है, तो उसे कुवैत से डिपोर्ट (देश निकाला) किया जा सकता है। पुलिस अब सादे कपड़ों में और सीसीटीवी कैमरों के जरिए ऐसे ड्राइवरों पर नजर रख रही है।

एम्बुलेंस में भी अब कैमरे लगे हैं जो रास्ता न देने वाली गाड़ियों की रिकॉर्डिंग करते हैं और पुलिस तुरंत कार्रवाई करती है। गंभीर मामलों में ड्राइविंग लाइसेंस को हमेशा के लिए रद्द करने की प्रक्रिया भी अपनाई जा रही है। इसलिए सड़क पर एम्बुलेंस का सायरन सुनते ही अपनी गाड़ी साइड करना ही समझदारी है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.