कुवैत में नौकरी को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। Public Authority for Manpower (PAM) ने खुलासा किया है कि देश के 33,615 नागरिक पिछले छह महीनों से नौकरी का इंतजार कर रहे हैं। सरकार अब लेबर मार्केट को सुधारने के लिए नए कदम उठा रही है, जिसका सीधा असर वहां काम करने वाले प्रवासियों और भारतीय कर्मचारियों पर भी पड़ेगा।

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कुवैत में बेरोजगारों की संख्या और उनकी पढ़ाई

PAM के आंकड़ों के मुताबिक, जो 33,615 लोग बेरोजगार हैं, उनमें से कोई पेंशन नहीं ले रहा है और न ही किसी स्कूल या कॉलेज में पढ़ रहा है। इनमें बड़ी संख्या में डिग्री धारक लोग शामिल हैं। इसकी पूरी जानकारी नीचे दी गई टेबल में देखी जा सकती है:

शिक्षा का स्तर बेरोजगारों की संख्या
पीएचडी (Doctorate) 31
मास्टर्स डिग्री 565
यूनिवर्सिटी ग्रेजुएट 18,629
डिप्लोमा धारक 6,952
हाई स्कूल और अन्य बाकी बचे हुए लोग

प्रवासियों के लिए वीज़ा ट्रांसफर और नए रेजिडेंसी नियम

भारतीयों और अन्य प्रवासियों के लिए एक जरूरी खबर यह है कि सरकार ने वीज़ा ट्रांसफर के नियमों में ढील दी है। First Deputy Prime Minister और Minister of Interior शेख फहद अल-यूसुफ के आदेश (Decision No. 2/2026) के तहत, मई से जून 2026 के अंत तक कुछ खास सेक्टरों में प्रवासियों के वीज़ा अस्थायी तौर पर ट्रांसफर किए जा सकेंगे।

  • किन सेक्टरों में मिलेगी छूट: छोटे और मध्यम उद्योग (SMEs), इंडस्ट्री, खेती (Agriculture), पशुपालन और मछली पालन।
  • शर्त: इसके लिए पुराने मालिक की मंजूरी जरूरी होगी।
  • नया रेजिडेंसी कानून: जनवरी 2026 से एक नया रेजिडेंसी कानून लागू हुआ है, जिसका मकसद कागजी कार्रवाई को कम करना और वीज़ा प्रक्रिया को आसान बनाना है।

सैलरी प्रोटेक्शन सिस्टम और कुवैताइजेशन का असर

कुवैत सरकार ने कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए ‘सैलरी प्रोटेक्शन सिस्टम’ शुरू किया है। इसके तहत कंपनियों को अपनी मंथली पेरोल का 2% हिस्सा एक सरकारी फंड में जमा करना होगा। अगर कोई कंपनी दिवालिया होती है, तो इस फंड से कर्मचारियों को 18 महीने तक की बकाया सैलरी दी जाएगी।

साथ ही, सरकार अब ‘कुवैताइजेशन’ यानी स्थानीय लोगों को नौकरी देने पर जोर दे रही है। तेल और गैस सेक्टर में जनवरी 2027 तक 40% कुवैती कर्मचारियों का कोटा तय किया गया है। वहीं रिटेल और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में दिसंबर 2026 तक 25% कुवैती लोगों को नौकरी पर रखने का लक्ष्य है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

कुवैत में प्रवासियों के लिए वीज़ा ट्रांसफर के नए नियम क्या हैं?

मई से जून 2026 तक SMEs, खेती और इंडस्ट्री जैसे खास सेक्टरों में वीज़ा अस्थायी तौर पर ट्रांसफर किए जा सकते हैं, बशर्ते पुराने मालिक की सहमति हो।

सैलरी प्रोटेक्शन सिस्टम क्या है और यह कैसे काम करता है?

यह एक सरकारी फंड है जिसमें कंपनियां अपनी सैलरी का 2% जमा करती हैं। कंपनी के बंद होने या पैसा न होने पर यह फंड कर्मचारी को 18 महीने तक की सैलरी की गारंटी देता है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com