लेबनान के दक्षिणी हिस्सों में हालात बहुत खराब हैं और लाखों लोग बेघर हो चुके हैं। Sidon के स्कूलों में विस्थापित परिवार रहने को मजबूर हैं, जबकि वहीं पर बच्चों की पढ़ाई भी जारी है। संयुक्त राष्ट्र (UN) के मुताबिक, करीब 15 लाख से ज्यादा लोग अभी भी अपने घरों से दूर हैं और वापस लौटने की स्थिति में नहीं हैं।

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लेबनान में विस्थापन की वर्तमान स्थिति क्या है?

लेबनान में इस समय मानवीय संकट बहुत गहरा गया है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार:

  • कुल विस्थापित: करीब 1.5 मिलियन (15 लाख) लोग इज़राइल के हमलों की वजह से बेघर हुए हैं।
  • शरणस्थली: करीब 1,24,000 लोग 625 स्कूलों और सरकारी इमारतों में शरण लिए हुए हैं।
  • सरकारी कदम: शिक्षा मंत्री Rima Karameh ने बताया कि विस्थापितों की मदद के लिए 1,156 पब्लिक स्कूलों और 75 पब्लिक संस्थानों को खोला गया था।
  • शिक्षा पर असर: हमलों की वजह से करीब 2.5 लाख बच्चों की पढ़ाई बाधित हुई है।

लोग अपने घरों को वापस क्यों नहीं जा पा रहे हैं?

भले ही युद्धविराम (ceasefire) की घोषणा हुई थी, लेकिन लोग अभी भी अपने घरों में जाने से डर रहे हैं। UN और अन्य संस्थाओं ने इसके मुख्य कारण बताए हैं:

  • असुरक्षा: इलाकों में अभी भी डर का माहौल है और सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं है।
  • बुनियादी सुविधाओं की कमी: बिजली, पानी और स्वास्थ्य जैसी बेसिक सेवाओं का अभाव है।
  • तबाही: घरों और बुनियादी ढांचे का बड़े पैमाने पर विनाश हुआ है, जिससे रहने लायक जगह नहीं बची है।
  • आधिकारिक चेतावनी: इज़राइली सेना और Hezbollah दोनों ने ही लोगों को Litani नदी के दक्षिण के इलाकों में तुरंत वापस न जाने की सलाह दी है।

UN और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं का क्या कहना है?

UNHCR की प्रतिनिधि Karolina Lindholm Billing ने स्थिति को बहुत नाजुक बताया है। उन्होंने जानकारी दी कि 17 अप्रैल को युद्धविराम होने के बाद भी कम से कम 380 लोग मारे गए हैं। वहीं, UN के प्रवक्ता Stéphane Dujarric ने साफ कहा कि शांति सैनिकों (peacekeepers) पर हमले नहीं होने चाहिए और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए। UN के मानवीय समन्वयक Imran Riza ने इस स्थिति को एक “बड़ी तबाही” के रूप में वर्णित किया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

लेबनान में कितने लोग विस्थापित हुए हैं?

ताजा रिपोर्ट्स के अनुसार 1.2 से 1.5 मिलियन लोग विस्थापित हुए हैं, जिनमें से बड़ी संख्या पब्लिक स्कूलों और यूनिवर्सिटीज में रह रही है।

विस्थापितों के लिए कितने स्कूलों का इस्तेमाल किया गया है?

लेबनान की शिक्षा मंत्री Rima Karameh के मुताबिक 1,156 पब्लिक स्कूलों और हाई स्कूलों को शरणार्थियों के लिए खोला गया है।