Lebanon में French शांति सैनिक पर हमला, कुवैत ने मांगी जवाबदेही, एक सैनिक की मौत और तीन घायल
लेबनान में तैनात French शांति सैनिकों पर एक बड़ा हमला हुआ है। इस हमले में एक सैनिक की जान चली गई और तीन अन्य घायल हो गए। कुवैत के विदेश मंत्रालय ने इस घटना की कड़ी निंदा की है और दोषियों से जवाब मांगा है। यह हमला तब हुआ जब इलाके में युद्धविराम लागू किया गया था।
हमला कैसे और कहां हुआ?
UNIFIL के सैनिक Ghandouriyeh इलाके में विस्फोटक हटा रहे थे, तभी उन पर अचानक हथियारों से हमला किया गया। इस हमले में Sergeant Major Florian Montorio की मौत हो गई और तीन अन्य साथी घायल हो गए। UNIFIL ने कहा कि यह हमला जानबूझकर किया गया और उन्होंने इसकी जांच शुरू कर दी है। यह घटना 18 अप्रैल 2026 को हुई, जबकि 17 अप्रैल से वहां युद्धविराम लागू हो चुका था।
कौन है इस हमले का जिम्मेदार?
French राष्ट्रपति Emmanuel Macron ने इस हमले के लिए Hezbollah को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने लेबनानी सरकार से मांग की है कि दोषियों को तुरंत गिरफ्तार किया जाए। दूसरी तरफ, Hezbollah ने किसी भी तरह की संलिप्तता से इनकार किया है और कहा कि जांच पूरी होने तक जल्दबाजी न करें। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव Antonio Guterres ने भी इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का गंभीर उल्लंघन बताया है।
दुनिया भर की प्रतिक्रियाएं क्या रहीं?
कुवैत के विदेश मंत्रालय ने शांति सैनिकों को निशाना बनाने का कड़ा विरोध किया और कहा कि दोषियों को सजा मिलनी चाहिए। सऊदी अरब, बहरीन, कतर, जॉर्डन, UAE और मिस्र जैसे देशों ने भी इस हमले की निंदा की है। बहरीन ने इसे एक आतंकवादी हमला बताया है। लेबनान के सैन्य ट्रिब्यूनल ने भी इस मामले की आधिकारिक जांच शुरू कर दी है।
| संस्था/देश | मुख्य प्रतिक्रिया |
|---|---|
| कुवैत | दोषियों की जवाबदेही मांगी |
| फ्रांस | Hezbollah पर आरोप लगाया |
| UNIFIL | हमले की जांच शुरू की |
| संयुक्त राष्ट्र | अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया |
| Hezbollah | हमले में शामिल होने से इनकार किया |
| बहरीन | इसे आतंकवादी हमला बताया |
| लेबनान | सैन्य जांच के आदेश दिए |