अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन में Lebanon और Israel के राजदूतों के बीच एक बहुत ज़रूरी मीटिंग होने वाली है। यह बैठक 14 अप्रैल 2026 को सुबह 11 बजे होगी। दोनों देशों के बीच दशकों बाद पहली बार इतनी बड़ी लेवल पर सीधी बातचीत हो रही है, जिसमें अमेरिका बीच-बचाव कर रहा है।

मीटिंग में कौन-कौन शामिल होगा?

इस हाई-प्रोफाइल मीटिंग की तैयारी अमेरिकी विदेश विभाग ने की है। इसमें दोनों देशों के साथ-साथ अमेरिका के बड़े अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।

नाम पद/भूमिका
Nada Hamadeh Moawad Lebanese राजदूत
Yechiel Leiter Israeli राजदूत
Marco Rubio अमेरिकी विदेश मंत्री (होस्ट)
Michel Issa लेबनान में अमेरिकी राजदूत
Michael Needham अमेरिकी विदेश विभाग काउंसलर
Joseph Aoun लेबनान के राष्ट्रपति (बातचीत की पहल की)

इस बातचीत का मुख्य मुद्दा क्या है?

इस मीटिंग का मुख्य मकसद युद्ध को रोकना और शांति समझौता करना है। Lebanon की तरफ से मुख्य मांग है कि तुरंत युद्ध विराम यानी ‘Cease Fire’ किया जाए।

वहीं Israel का रुख अलग है। उनका कहना है कि वह Hezbollah के हथियार डालने और एक स्थायी शांति समझौते पर ही बात करेगा। Israel ने साफ कर दिया है कि वह Hezbollah के साथ युद्ध विराम पर चर्चा नहीं करेगा।

यह बातचीत ऐसे समय में हो रही है जब दक्षिण Lebanon में भीषण लड़ाई चल रही है। मार्च की शुरुआत से अब तक 2,000 से ज़्यादा लोग मारे जा चुके हैं और लगभग 10 लाख लोग विस्थापित हो चुके हैं।

क्या इस मुलाकात से शांति आएगी?

इस मीटिंग को लेकर बहुत ज़्यादा उम्मीदें नहीं रखी जा रही हैं। जानकारों का मानना है कि यह मीटिंग केवल एक औपचारिक शुरुआत है और इसका प्रतीकात्मक महत्व ज़्यादा है। Israel के अधिकारियों ने भी संकेत दिया है कि अभी कोई बड़ा नतीजा निकलने की संभावना कम है।

दूसरी तरफ Hezbollah ने इन बातचीत को पूरी तरह बेकार बताया है। उन्होंने लेबनान सरकार को सलाह दी है कि वह बातचीत के बजाय Israel के हमलों का मुकाबला करने पर ध्यान दे।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.