लेबनान की अपनी संप्रभुता और ज़मीन को वापस पाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। वाशिंगटन में एक अहम फ्रेमवर्क समझौते पर दस्तखत हुए हैं, जिसे लेबनान की राजदूत ने देश की आज़ादी और शांति के लिए पहला बड़ा कदम बताया है। इस समझौते में अमेरिका की भी अहम भूमिका रही है।

👉: Saudi Arabia Import Rules: फल और सब्जियों के आयात के लिए बदले नियम, अब करना होगा डिजिटल रजिस्ट्रेशन

वाशिंगटन में तैनात लेबनान की राजदूत Nada Hamadeh Moawad ने बताया कि 26 जून 2026 को हुए इस समझौते के लिए काफी लंबी और मुश्किल बातचीत हुई। उन्होंने कहा कि यह कदम लेबनान की संप्रभुता को बहाल करने, युद्ध को पूरी तरह खत्म करने और लोगों को उनकी अपनी ज़मीन पर वापस भेजने के लिए ज़रूरी है ताकि सभी लोग शांति और सुरक्षा के साथ रह सकें।

समझौते की मुख्य बातें

  • पायलट प्रोजेक्ट: इस समझौते के तहत कुछ छोटे इलाकों में इसराइल की सेना पीछे हटेगी और वहां लेबनान की सेना तैनात होगी।
  • अमेरिकी निगरानी: अमेरिकी सैन्य अधिकारी लेबनान की सेना के साथ काम करेंगे ताकि यह पक्का किया जा सके कि वहां Hezbollah की कोई मौजूदगी नहीं है।
  • संप्रभुता की मान्यता: यह समझौता दोनों पक्षों की अपनी ज़मीन पर संप्रभुता के अधिकार को मान्यता देता है।

अमेरिकी विदेश मंत्री Marco Rubio ने इसे “शुरुआत की शुरुआत” कहा है। उन्होंने माना कि अभी बहुत काम बाकी है, लेकिन यह पहला कदम है। वहीं, अमेरिका में इसराइल के राजदूत Yechiel Leiter ने इस समझौते को प्रदर्शन पर आधारित बताया और कहा कि इससे शांति का रास्ता फिर से खुल गया है। उन्होंने साफ किया कि अब इस रास्ते में ईरान और Hezbollah की कोई जगह नहीं है।

इस पूरी बातचीत में Hezbollah का कोई प्रतिनिधित्व नहीं था। हालांकि, समझौते के समय भी लेबनान में इसराइली हमलों की खबरें आती रही थीं। दूसरी तरफ, ईरान ने लेबनान में युद्धविराम को अमेरिका के साथ अपनी व्यापक चर्चाओं और एक समझौते से जोड़ा है, जिसमें लेबनान की क्षेत्रीय अखंडता और इसराइली सेना की वापसी की बात शामिल है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com