17 मई 2026 को Lebanon के राष्ट्रपति Joseph Aoun और Kuwait के अमीर Sheikh Mishal Al-Ahmad Al-Jaber Al-Sabah के बीच फोन पर बातचीत हुई। इस बातचीत में दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय तनाव के बीच एक-दूसरे के प्रति एकजुटता जताई। यह चर्चा ऐसे समय में हुई जब मिडिल ईस्ट में हालात काफी संवेदनशील बने हुए हैं।
Lebanon और Kuwait के बीच क्या हुई बातचीत
राष्ट्रपति Joseph Aoun ने इस मुश्किल समय में Kuwait से मिले समर्थन के लिए शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा कि Lebanon के लोग Kuwait के साथ खड़े हैं। वहीं, अमीर Sheikh Mishal ने Lebanon को अपना पूरा समर्थन देने का वादा किया। उन्होंने Lebanon में सुरक्षा और स्थिरता बहाल करने के प्रयासों का समर्थन किया ताकि वहां की संप्रभुता वापस लौट सके। दोनों नेताओं ने क्षेत्र में शांति बनाए रखने और सुरक्षा सुनिश्चित करने की बात कही।
मिडिल ईस्ट में तनाव की क्या है वजह
इस बातचीत के पीछे इलाके में बढ़ती सैन्य गतिविधियां हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, 16 अप्रैल को युद्धविराम होने के बावजूद दक्षिणी Lebanon में Israeli सैन्य कार्रवाई जारी रही है। Israeli प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने Hezbollah की सैन्य क्षमता को खत्म करने के लिए ऑपरेशंस तेज करने का आदेश दिया था। इस बीच, अमेरिका ने युद्धविराम को 45 दिनों के लिए बढ़ा दिया है और बातचीत 2 और 3 जून को फिर से शुरू होगी। इससे पहले फरवरी से अप्रैल के बीच ईरान, अमेरिका और इसराइल के बीच युद्ध हुआ था, जिससे Kuwait समेत कई खाड़ी देशों पर असर पड़ा था और Strait of Hormuz बंद हो गया था।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Lebanon और Kuwait ने किस बात पर सहमति जताई?
दोनों देशों ने क्षेत्रीय तनाव के बीच एक-दूसरे का समर्थन करने और क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और संप्रभुता बनाए रखने पर सहमति जताई।
Lebanon में वर्तमान स्थिति क्या है?
दक्षिणी Lebanon में Israeli सेना की कार्रवाई जारी है और अमेरिका ने युद्धविराम की अवधि 45 दिनों के लिए बढ़ा दी है, जिसकी अगली बातचीत जून की शुरुआत में होगी।
