कुवैत में भारतीय समुदाय के दिग्गज नेता Mathunny ‘Sunny’ Mathews को हाल ही में याद किया गया। उन्हें 1990 में इराक के हमले के दौरान कुवैत में फंसे 1.70 लाख से अधिक भारतीयों को सुरक्षित निकालने में उनकी अहम भूमिका के लिए जाना जाता है। इस बड़े बचाव अभियान को Guinness Book of World Records में इतिहास के सबसे बड़े नागरिक निकासी अभियान के रूप में दर्ज किया गया है।
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सबसे बड़ा नागरिक निकासी अभियान
यह राहत कार्य 13 अगस्त से 11 अक्टूबर 1990 के बीच चला, जिसमें Air India ने कुल 488 उड़ानें भरीं। उस दौरान कुवैत में हजारों भारतीय संचार व्यवस्था कट जाने के कारण पूरी तरह से अलग-थलग पड़ गए थे। तब सनी मैथ्यूज ने भारत सरकार और स्थानीय अधिकारियों के साथ मिलकर इन लोगों को बस के जरिए बसरा और बगदाद होते हुए जॉर्डन के अम्मान तक पहुंचाया, जहां से फ्लाइट्स के जरिए उन्हें भारत भेजा गया।
भारत सरकार के साथ मिलकर किया काम
‘Toyota Sunny’ के नाम से मशहूर सनी मैथ्यूज कुवैत में टोयोटा एजेंसी के एमडी थे। संकट के समय उन्होंने भारत सरकार के अनौपचारिक प्रतिनिधि की भूमिका निभाई। इस काम में तत्कालीन विदेश मंत्री I.K. Gujral ने इराक के साथ कूटनीतिक बातचीत कर सुरक्षित रास्ता तैयार किया था। भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) और इंडियन सिटीजन्स कमेटी (ICC) के सहयोग से यह मानवीय कार्य सफल हो पाया। सनी मैथ्यूज का निधन 20 मई 2017 को हुआ था, लेकिन उनके साहस की कहानी आज भी भारतीयों को याद है।
