सऊदी अरब में रोजी-रोटी कमाने गए मुजफ्फरनगर के एक युवक की संदिग्ध हालात में मौत हो गई है. परिवार ने शव को भारत लाने की काफी कोशिश की लेकिन लंबी कानूनी प्रक्रिया और समय को देखते हुए अब उसे वहीं दफनाने का फैसला लिया है. यह घटना उन सभी भारतीय प्रवासियों के लिए एक चेतावनी है जो विदेश में काम कर रहे हैं और वहां के नियमों से अनजान हैं.

मुजफ्फरनगर के मिमलाना रोड के रहने वाले 28 वर्षीय साजिद 16 अगस्त 2025 को सऊदी अरब के अलदुवादनी शहर में फैमिली ड्राइविंग का काम करने गए थे. 4 फरवरी 2026 को उनकी मौत हो गई. परिजनों का कहना है कि साजिद ने अपनी पत्नी गुल अफशा से वीडियो कॉल पर बात करते समय आत्महत्या कर ली. साजिद के भाई मोहम्मद खालिद ने बताया कि कॉल के दौरान पति-पत्नी के बीच कुछ विवाद हुआ था.

साजिद की मौत के बाद परिवार ने शव को भारत वापस लाने के लिए भारतीय दूतावास और जिलाधिकारी (DM) से मदद मांगी थी. लेकिन मौत के सात दिन बाद भी पोस्टमार्टम नहीं हो पाया था. शव वापसी की प्रक्रिया बहुत लंबी थी, इसलिए परिवार ने मजबूरी में साजिद का अंतिम संस्कार सऊदी अरब में ही करने का निर्णय लिया.

मुजफ्फरनगर से जुड़ी एक और दुखद खबर बरला गांव से आई है, जहां 22 वर्षीय शाहवेज की 14 जून 2026 को सऊदी अरब में एक सड़क हादसे में मौत हो गई. उनके परिजन भी शव को भारत वापस लाने की गुहार लगा रहे हैं.

सऊदी अरब में मृत्यु होने पर शव वापसी के नियम

सऊदी अरब में किसी भारतीय नागरिक की मृत्यु होने पर शव को भारत भेजने या वहीं दफनाने का निर्णय कानूनी उत्तराधिकारियों की इच्छा पर निर्भर करता है. इस प्रक्रिया से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण बातें नीचे दी गई हैं:

  • प्रायोजक (Sponsor) की भूमिका: स्थानीय कानून के अनुसार केवल स्पॉन्सर ही अस्पताल से मेडिकल रिपोर्ट, मृत्यु प्रमाण पत्र और पुलिस रिपोर्ट जैसे कागजात तैयार करवा सकता है.
  • भारतीय दूतावास का काम: दूतावास का काम मृत्यु को रजिस्टर करना और परिवार की सहमति के बाद अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) जारी करना है.
  • खर्चा: नियम के मुताबिक, मृतक कर्मचारी के दफन या शव परिवहन का खर्च सऊदी प्रायोजक को उठाना होता है, बशर्ते GOSI बीमा इसे कवर न करे.
  • जरूरी दस्तावेज: शव वापस लाने के लिए स्थानीय गवर्नर की अनुमति, पासपोर्ट पर निकास वीजा और इकामा रद्द करना जरूरी होता है.

विदेश मंत्रालय (MEA) ने हाल ही में जानकारी दी कि पश्चिम एशिया के तनाव के बीच खाड़ी देशों में 6 भारतीय नागरिकों की मौत हुई है. भारतीय दूतावास स्थानीय अधिकारियों के साथ मिलकर शवों को जल्द से जल्द भारत लाने की कोशिश कर रहे हैं. आपात स्थिति में रियाद स्थित भारतीय दूतावास के हेल्पलाइन नंबर 8002471234 पर संपर्क किया जा सकता है.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.