नेपाल में रसोई गैस की किल्लत जल्द होगी खत्म, सरकार और इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन ने उठाया बड़ा कदम.

नेपाल की राजधानी काठमांडू समेत देश के अलग-अलग हिस्सों में पिछले कुछ दिनों से रसोई गैस यानी एलपीजी (LPG) की जो कमी चल रही थी, वह अब धीरे-धीरे कम होने लगी है। नेपाल के आम लोगों को राहत देते हुए नेपाल ऑयल कॉरपोरेशन ने साफ कर दिया है कि भारत से गैस का आयात काफी हद तक बढ़ा दिया गया है, जिससे आने वाले कुछ दिनों में हालात पूरी तरह से सामान्य हो जाएंगे और लोगों को गैस मिलने में कोई परेशानी नहीं होगी।
क्यों हुई थी अचानक बाजार में गैस की कमी
बीते कुछ समय पहले पश्चिम एशिया में उपजे तनाव और संभावित संकट की वजह से गैस की आपूर्ति प्रभावित होने का डर था। इसी आशंका के चलते नेपाल ऑयल कॉरपोरेशन ने 10 मार्च से बाजार में सिर्फ 7.1 किलोग्राम वाले आधे सिलेंडर ही बांटने शुरू किए थे। इसके बाद स्थिति को सामान्य करते हुए निगम ने 15 जुलाई से दोबारा 14.2 किलोग्राम के पूरे सिलेंडर की बिक्री फिर से शुरू कर दी। जैसे ही पूरा सिलेंडर बाजार में आया, लोगों ने बड़े पैमाने पर उसकी मांग बढ़ा दी। एलपी गैस उद्योग संघ के अध्यक्ष कृष्ण भक्त श्रेष्ठ ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि आम जनता ने आधे सिलेंडर में ज्यादा दिलचस्पी नहीं दिखाई और वे पूरे सिलेंडर के बाजार में आने का इंतजार कर रहे थे। जब पूरे सिलेंडर मिलने शुरू हुए, तो अचानक मांग बहुत ज्यादा बढ़ गई और बाजार में थोड़ी देर के लिए गैस की कमी महसूस होने लगी।
भारत से आ रहे हैं लगातार गैस बुलेट
नेपाल ऑयल कॉरपोरेशन के एलपी गैस विभाग के निदेशक बिनितमणि उपाध्याय ने बताया कि शुरुआत में जब आधे सिलेंडर से दोबारा पूरे सिलेंडर के वितरण पर लौटे, तो आपूर्ति व्यवस्था पर थोड़ा दबाव जरूर आया था। लेकिन अब धीरे-धीरे बिक्री और वितरण का पूरा सिस्टम बिल्कुल स्थिर होने लगा है। उन्होंने यह भी बताया कि इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन यानी IOC की अलग-अलग रिफाइनरियों से हर दिन 100 से अधिक गैस बुलेट लोड होकर नेपाल भेजे जा रहे हैं। अधिकारियों का मानना है कि अधिकतम एक सप्ताह के भीतर नेपाल के हर हिस्से में रसोई गैस की आपूर्ति पूरी तरह से सुचारु हो जाएगी। साथ ही, सरकार और निगम ने आम जनता से यह अपील की है कि कोई भी उपभोक्ता जरूरत से ज्यादा सिलेंडर अपने घरों में जमा करके न रखें, ताकि सभी लोगों को आसानी से गैस मिल सके।
त्योहारों को लेकर सरकार की खास तैयारी
आने वाले बड़े त्योहारों को ध्यान में रखते हुए नेपाल सरकार ने अपनी कमर कस ली है। देश के उद्योग, वाणिज्य एवं आपूर्ति मंत्री गौरी यादव ने बताया कि आगामी त्योहारों की भारी मांग को देखते हुए सरकार अगले तीन महीनों के लिए भारत से मिलने वाले गैस के कोटे को बढ़ाने के वास्ते कूटनीतिक स्तर पर बातचीत और पहल कर रही है। वर्तमान समय में नेपाल के भीतर कुल 58 एलपी गैस उद्योग बहुत ही सुचारु रूप से काम कर रहे हैं, जिनकी कुल भंडारण क्षमता यानी स्टोरेज कैपेसिटी 10,166 मीट्रिक टन तक की है।
बाजार की सख्त निगरानी और शिकायतों का निपटारा
गैस की कालाबाजारी और किसी भी तरह की कृत्रिम किल्लत को रोकने के लिए नेपाल सरकार पूरी तरह मुस्तैद है। इसके लिए नेपाल ऑयल कॉरपोरेशन और उद्योग, वाणिज्य एवं आपूर्ति मंत्रालय ने मिलकर पूरे बाजार में चेकिंग और निगरानी बहुत तेज कर दी है। हाल ही में मंत्री गौरी यादव और निगम के कई बड़े अधिकारियों ने बालाजू इलाके में स्थित नेपाल गैस उद्योग के साथ-साथ टेकू के तमाम वितरण केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। अधिकारियों की जांच में यह बात सामने आई कि बाजार में किसी भी तरह की कृत्रिम कमी या कालाबाजारी का कोई भी प्रमाण नहीं मिला है। इसके अलावा, जिन आम उपभोक्ताओं को गैस मिलने में दिक्कत आ रही थी, उनकी शिकायतों को दूर करने के लिए निगम ने एक खास त्वरित प्रतिक्रिया टीम बनाई है। इस टीम ने अब तक कार्रवाई करते हुए 500 से अधिक उपभोक्ताओं की शिकायतों का सफलतापूर्वक समाधान कर दिया है, जिससे आम जनता को बड़ी राहत मिली है।