Netanyahu का बड़ा बयान, ईरान के खिलाफ अमेरिका के साथ लड़ रहे सभ्यता की जंग, कहा अभी यह खत्म नहीं हुआ
Israeli PM Benjamin Netanyahu ने ईरान को लेकर एक बहुत बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि Israel और US मिलकर बर्बरता के खिलाफ सभ्यता की लड़ाई लड़ रहे हैं। उनके मुताबिक यह संघर्ष अभी खत्म नहीं हुआ है और दोनों देश मिलकर इसका सामना करेंगे।
इस जंग में किन देशों ने दिया साथ
Israeli PM ने साफ तौर पर कहा कि US उनके साथ इस लड़ाई में खड़ा है। Argentina के राष्ट्रपति Javier Milei ने भी इस बात का पूरा समर्थन किया है। Milei ने “Isaac Accords” पर हस्ताक्षर किए हैं ताकि Latin American देशों और Israel के बीच संबंध और गहरे हों। Argentina की सरकार पहले ही ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स को एक आतंकवादी संगठन घोषित कर चुकी है।
ईरान के खिलाफ हालिया घटनाक्रम
पिछले कुछ हफ्तों में ईरान और Israel के बीच तनाव काफी बढ़ा है। इस दौरान कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं जिनका विवरण नीचे टेबल में दिया गया है।
| तारीख | क्या हुआ |
|---|---|
| 7 मार्च 2026 | Netanyahu ने कहा कि ईरान के खिलाफ युद्ध बिना समझौते के जारी रहेगा। |
| 8 अप्रैल 2026 | दो हफ्ते के युद्धविराम का समर्थन, लेकिन Lebanon इसमें शामिल नहीं था। |
| 14 अप्रैल 2026 | Netanyahu ने दावा किया कि ईरान के नेतृत्व को भारी चोट पहुंचाई गई है। |
| 15 अप्रैल 2026 | US Treasury ने ईरान से जुड़े लोगों और जहाजों पर कड़े प्रतिबंध लगाए। |
| 19 अप्रैल 2026 | Netanyahu और Javier Milei ने इसे सभ्यता बनाम बर्बरता की जंग बताया। |
आगे की योजना और लक्ष्य
Netanyahu ने एक वीडियो संदेश में बताया कि ईरान को अस्थिर करने के लिए उनके पास एक बड़ा और सरप्राइज प्लान तैयार है। उनका मुख्य लक्ष्य यह है कि ईरान भविष्य में किसी भी तरह का परमाणु या मिसाइल खतरा न बन सके। उन्होंने US राष्ट्रपति Donald Trump की लीडरशिप की तारीफ करते हुए कहा कि US-Israel पैक्ट बहुत ऐतिहासिक है।