नाइजीरिया के बोर्नो राज्य में एक मिलिट्री बेस पर हुए भीषण आतंकी हमले के बाद UAE ने अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दी है। इस हमले में नाइजीरियाई सेना के कई जवान मारे गए और कई लोग घायल हुए हैं। UAE के विदेश मंत्रालय ने इस घटना को बेहद दुखद और आपराधिक बताया है।
हमला कहां हुआ और कितना नुकसान हुआ?
यह हमला 9 अप्रैल 2026 की तड़के करीब 12:30 बजे बेनिशेख, बोर्नो राज्य के 29 टास्क फोर्स ब्रिगेड मुख्यालय पर हुआ। इस हमले में ब्रिगेडियर जनरल ओसेनी ओमोह ब्राइमा समेत कई सैनिकों की जान चली गई। नाइजीरियाई सेना के प्रवक्ता माइकल ओनोजा ने बताया कि आतंकियों ने बेस को निशाना बनाया था, लेकिन बाद में हमले को नाकाम कर दिया गया।
UAE और नाइजीरिया सरकार का क्या कहना है?
UAE के विदेश मंत्रालय (MoFA) ने 10 अप्रैल को एक बयान जारी कर इस हमले की कड़ी निंदा की। मंत्रालय ने आतंकवाद और हिंसा के खिलाफ अपनी सख्त नाराजगी जताई और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। दूसरी ओर, नाइजीरिया के राष्ट्रपति बोला टिनूबू ने इस हमले को आतंकियों की हताशा का संकेत बताया। उन्होंने साफ कहा कि नाइजीरिया आतंकवाद को हराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
हमले के पीछे किन समूहों का हाथ है?
इस हमले के पीछे बोको हरम या उसके अलग गुट ISWAP का हाथ होने की आशंका है। मिलिट्री रिपोर्ट्स के मुताबिक, ISWAP ने 2026 में अपने “बर्निंग ऑफ द कैंप्स” अभियान के तहत कई मिलिट्री ठिकानों पर हमले तेज कर दिए हैं। नाइजीरियाई डिफेंस हेडक्वार्टर ने पुष्टि की है कि इस हमले में कुछ बहादुर सैनिकों ने अपनी जान गंवाई।
