दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट आई है। महंगाई और आर्थिक मंदी की आशंका के चलते निवेशकों में डर है, जिससे तेल के दाम नीचे गिर गए हैं। इस बीच UAE ने भी जुलाई महीने के लिए अपने देश में ईंधन की कीमतों में कटौती की है।
ℹ️: World Bank की पाकिस्तान को बड़ी मदद, 375.9 मिलियन डॉलर से सुधरेगा बिजली सिस्टम, कम होगी कटौती।
Emirates News Agency (WAM) की रिपोर्ट के मुताबिक, 9 जुलाई 2026 को Brent और WTI क्रूड फ्यूचर्स दोनों में कमी देखी गई। बाजार में इस समय तेल की मांग घटने की चिंता बनी हुई है, जबकि अमेरिका और ईरान के बीच तनाव जारी है।
| तेल का प्रकार | गिरावट (डॉलर) | गिरावट (प्रतिशत) | अंतिम भाव (प्रति बैरल) |
|---|---|---|---|
| Brent Crude | $1.72 | 2.2% | $76.30 |
| WTI Crude | $1.44 | 1.96% | $72.08 |
International Monetary Fund (IMF) और U.S. Energy Information Administration (EIA) ने साल 2026 और 2027 के लिए तेल की कीमतों के अनुमान को कम कर दिया है। इन संस्थाओं का कहना है कि अमेरिका और ईरान के बीच संघर्ष खत्म करने के समझौतों की वजह से सप्लाई बढ़ेगी, जिससे अप्रैल के शिखर स्तर से कीमतें कम होंगी।
भू-राजनीतिक तनाव अब भी बना हुआ है। 9 जुलाई को ईरानी सेना ने खाड़ी देशों में अमेरिकी सैन्य बुनियादी ढांचे पर हमले किए, जबकि इससे पहले अमेरिका ने ईरानी प्रांतों पर हमला किया था। इन हमलों ने तीन हफ्ते पहले हुए युद्धविराम समझौते को कमजोर कर दिया है और Strait of Hormuz के पूरी तरह खुलने में बाधा डाली है।
UAE ने 1 मई 2026 से OPEC+ गठबंधन छोड़ दिया था। अब अपनी स्वतंत्र रणनीति के तहत UAE सरकार ने जुलाई के लिए घरेलू ईंधन की कीमतों में कमी की है, ताकि इसे वैश्विक बाजार के बदलावों के साथ जोड़ा जा सके।
