ओमान और कनाडा ने अपने राजनीतिक और आर्थिक रिश्तों को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। कनाडा की विदेश मंत्री Anita Anand ने मस्कट का दौरा किया, जो पिछले एक दशक में किसी कनाडाई विदेश मंत्री की पहली आधिकारिक यात्रा थी। इस मुलाकात का मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के बीच सहयोग को बढ़ाना और आपसी तालमेल बनाना था।
ओमान और कनाडा के बीच किस बात पर हुआ समझौता?
13 मई 2026 को मस्कत में दोनों देशों ने राजनीतिक परामर्श के लिए एक Memorandum of Understanding (MOU) साइन किया। कनाडा की विदेश मंत्री Anita Anand और ओमान के विदेश मंत्री Sayyid Badr bin Hamad bin Hamood Albusaidi ने इस दस्तावेज़ पर सहमति जताई। Global Affairs Canada की जानकारी के अनुसार, इस समझौते के जरिए दोनों देश अब नियमित रूप से बातचीत करेंगे और अपने द्विपक्षीय साझेदारी को और आगे ले जाएंगे।
किन क्षेत्रों में बढ़ेगा सहयोग और क्या होंगी प्राथमिकताएं?
दोनों देशों के बीच हुई चर्चा में कई महत्वपूर्ण मुद्दों को शामिल किया गया ताकि आम लोगों और अर्थव्यवस्था को फायदा मिल सके। मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
- व्यापार और ऊर्जा: ट्रेड, एनर्जी और क्रिटिकल मिनरल्स के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर बात हुई।
- शिक्षा और पर्यटन: हायर एजुकेशन और टूरिज्म को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया ताकि लोगों के बीच संबंध मजबूत हों।
- क्षेत्रीय शांति: Strait of Hormuz में नेविगेशन की आजादी और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर चर्चा हुई।
- अंतरराष्ट्रीय कानून: दोनों मंत्रियों ने राज्य की संप्रभुता और अंतरराष्ट्रीय कानूनों का सम्मान करने की प्रतिबद्धता दोहराई।
Frequently Asked Questions (FAQs)
कनाडा की विदेश मंत्री मस्कट कब पहुंचीं और यह यात्रा क्यों खास थी?
Anita Anand ने 12 से 15 मई 2026 तक मस्कट का दौरा किया। यह यात्रा इसलिए खास थी क्योंकि 10 साल से ज्यादा समय के बाद किसी कनाडाई विदेश मंत्री ने ओमान का आधिकारिक दौरा किया था।
ओमान और कनाडा के बीच हुए MOU का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इस MOU का मुख्य उद्देश्य राजनीतिक परामर्श शुरू करना और व्यापार, ऊर्जा, शिक्षा एवं पर्यटन जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाकर द्विपक्षीय रिश्तों को मजबूत करना है।
