ओमान के विदेश मंत्री Sayyid Badr Al Busaidi ने चीन के राजदूत Lyu Jian से खास मुलाकात की. इस बैठक में दोनों देशों के आपसी रिश्तों और मिडिल ईस्ट इलाके में शांति बनाए रखने के तरीकों पर चर्चा हुई. चीन ने राष्ट्रपति शी जिनपिंग का एक विशेष चार-सूत्रीय प्लान पेश किया है, जिसे ओमान ने पसंद किया और इसका समर्थन किया.
चीन के 4-पॉइंट शांति प्लान में क्या है
राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने 14 अप्रैल 2026 को मिडिल ईस्ट की स्थिरता के लिए एक योजना पेश की थी. इस प्लान की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:
- शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व: खाड़ी देशों के बीच रिश्तों को सुधारने और एक सुरक्षित सुरक्षा ढांचा तैयार करने पर जोर दिया गया है.
- राष्ट्रीय संप्रभुता: देशों की आजादी और उनके क्षेत्र का सम्मान करना जरूरी बताया गया है ताकि कोई भी देश सुरक्षित महसूस कर सके.
- अंतरराष्ट्रीय कानून: संयुक्त राष्ट्र (UN) के नियमों का पालन करने और कानून के शासन को बनाए रखने की बात कही गई है.
- विकास और सुरक्षा: यह माना गया है कि सुरक्षा के बिना विकास संभव नहीं है, इसलिए दोनों के बीच संतुलन बनाना जरूरी है.
ओमान और चीन की बातचीत के मुख्य बिंदु
6 मई 2026 को हुई इस मुलाकात में ओमान ने चीन के शांति प्रस्ताव की तारीफ की और बातचीत व सहयोग को बढ़ावा देने की बात कही. इससे पहले 2 मार्च 2026 को चीन के विदेश मंत्री Wang Yi और ओमान के विदेश मंत्री के बीच फोन पर बात हुई थी. उस समय ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत में ओमान की मध्यस्थता की भूमिका पर चर्चा हुई थी. चीन ने ओमान के इन प्रयासों की सराहना की और क्षेत्र में शांति लाने के लिए अपनी मदद देने की बात कही थी.
Frequently Asked Questions (FAQs)
राष्ट्रपति शी जिनपिंग का 4-पॉइंट प्लान क्या है
यह प्लान मिडिल ईस्ट में स्थिरता लाने के लिए है, जिसमें शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व, राष्ट्रीय संप्रभुता का सम्मान, अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन और विकास व सुरक्षा के बीच संतुलन बनाने पर जोर दिया गया है.
ओमान और चीन की हालिया मुलाकात कब हुई
ओमान के विदेश मंत्री Sayyid Badr Al Busaidi और चीनी राजदूत Lyu Jian के बीच यह बैठक 6 मई 2026 को हुई थी.