ओमान कस्टम्स ने व्यापार को लेकर एक नया और जरूरी नियम लागू किया है। अब एक्सपोर्ट मैनिफेस्ट में कंटेनर नंबर डालना अनिवार्य होगा। यह नया नियम 17 मई से लागू होगा ताकि व्यापार के कामों में तेजी आए और डेटा की विश्वसनीयता बढ़े।

नया नियम क्या है और कब से लागू होगा?

रॉयल ओमान पुलिस (ROP) के तहत आने वाले Directorate General of Customs ने यह निर्देश जारी किया है। 2 मई 2026 को इसकी घोषणा की गई थी। इस नए नियम के मुताबिक अब निम्नलिखित लोगों के लिए कंटेनर नंबर देना जरूरी होगा:

  • पोर्ट ऑपरेटर्स (Port Operators)
  • फ्रेट फॉरवर्डर्स (Freight Forwarders)
  • कस्टम क्लियरेंस फर्में (Customs Clearance Firms)

इन सभी को अब एक्सपोर्ट शिपिंग मैनिफेस्ट डेटा में वास्तविक कंटेनर नंबर बिल्कुल सही-सही भरने होंगे। यह पूरी प्रक्रिया 17 मई से प्रभावी हो जाएगी।

इस बदलाव से व्यापार पर क्या असर पड़ेगा?

इस कदम का मुख्य मकसद कस्टम की प्रक्रियाओं की गुणवत्ता और दक्षता को बढ़ाना है। इससे व्यापार में पारदर्शिता आएगी और डेटा की सटीकता बढ़ेगी। जब कंटेनर की जानकारी सही होगी, तो सामान भेजने और मंगाने की प्रक्रिया आसान हो जाएगी, जिससे ओमान में व्यापार करने वाली कंपनियों और व्यापारियों को सुविधा होगी। इससे ट्रेड फ्लो और भी स्मूथ हो जाएगा।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ओमान में कंटेनर नंबर देना कब से अनिवार्य है?

ओमान कस्टम्स के नए नियम के अनुसार, एक्सपोर्ट मैनिफेस्ट में कंटेनर नंबर देना 17 मई से अनिवार्य कर दिया गया है।

यह नियम किन लोगों के लिए लागू है?

यह नियम मुख्य रूप से पोर्ट ऑपरेटर्स, फ्रेट फॉरवर्डर्स और कस्टम क्लियरेंस कंपनियों के लिए लागू है, जिन्हें अब सटीक डेटा देना होगा।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com