ओमान (Oman) सरकार ने विदेशी कर्मचारियों के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। अब प्रवासियों के लिए एंड-ऑफ-सर्विस ग्रेच्युटी की जगह एक अनिवार्य सेविंग स्कीम (Mandatory Savings Scheme) लागू की जाएगी। सोशल प्रोटेक्शन फंड (SPF) द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, यह नया नियम 19 जुलाई 2027 से पूरी तरह से लागू हो जाएगा। इस योजना का मकसद काम करने वाले लोगों को आर्थिक सुरक्षा देना है।

कैसे काम करेगी नई सेविंग स्कीम और क्या हैं इसके फायदे

इस नई योजना के तहत कंपनी (Employer) को अपने विदेशी कर्मचारी की हर महीने की बेसिक सैलरी (Basic Salary) का 9% हिस्सा इस सेविंग फंड में जमा करना होगा। यह पैसा सीधे कर्मचारी की सैलरी से नहीं कटेगा, बल्कि कंपनी अपनी तरफ से देगी।

कर्मचारी चाहें तो अपनी मर्जी से भी इसमें अलग से पैसा जमा कर सकते हैं। इस जमा किए गए पैसे पर सरकार की तरफ से हर साल कम से कम 2% का गारंटीड रिटर्न भी मिलेगा।

सोशल प्रोटेक्शन फंड (SPF) हर साल के शुरुआत में यह तय करेगा कि कितना प्रतिशत मुनाफा दिया जाएगा। पुरानी ग्रेच्युटी का पैसा या तो कर्मचारी को नौकरी छोड़ने पर दे दिया जाएगा या फिर उसे इस नए सिस्टम में ट्रांसफर कर दिया जाएगा।

कब और कैसे निकाल सकेंगे अपना पैसा

इस फंड से पैसा निकालने के लिए कुछ नियम तय किए गए हैं। जब कोई कर्मचारी अपनी नौकरी खत्म करके ओमान हमेशा के लिए छोड़ता है, तो वह अपना पूरा पैसा निकाल सकता है।

अगर किसी कर्मचारी की नौकरी छूट जाती है और वह बिना किसी नए कॉन्ट्रैक्ट के 3 महीने तक ओमान में रहता है, तब भी वह यह पैसा ले सकता है। इसके अलावा मृत्यु होने पर यह पैसा परिवार वालों को दे दिया जाएगा और परमानेंट डिसेबिलिटी की स्थिति में भी पैसे निकालने की छूट है।

कर्मचारी के पास विकल्प होगा कि वह सारा पैसा एक साथ ले ले या फिर उसे हर महीने या साल की किश्तों में प्राप्त करे।

बीमार होने और चोट लगने पर भी मिलेगा फायदा

10 मार्च 2026 को मस्कट में हुए एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सोशल प्रोटेक्शन फंड के डिप्टी सीईओ सैयद शबीब अब्दुल्ला अल बुसैदी ने कई अन्य फायदे भी गिनाए हैं। उन्होंने बताया कि इस योजना से कर्मचारियों को बीमारी या नौकरी छूटने पर एक पक्की इनकम मिलती रहेगी।

जुलाई 2026 से सिक लीव (Sick Leave) इंश्योरेंस लागू होगा, जिसमें कंपनी को 1% का योगदान देना होगा। इसके बाद जुलाई 2028 से वर्क इंजरी (Work Injury) इंश्योरेंस भी शुरू किया जाएगा। इसमें भी कंपनी 1% का योगदान करेगी और काम के दौरान चोट लगने पर अधिकतम 3,000 रियाल तक का मुआवजा मिलेगा।

ओमान का सोशल प्रोटेक्शन सिस्टम अब काफी बड़ा हो गया है। नए डेटा के अनुसार अब यह लगभग 3.3 मिलियन लोगों को कवर कर रहा है जो देश की कुल आबादी का करीब 64 प्रतिशत है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.