ओमान और फ्रांस के बीच एक बड़ा समझौता हुआ है जिसके तहत मिडिल ईस्ट का सबसे बड़ा पंप हाइड्रो एनर्जी स्टोरेज प्लांट लगाया जाएगा। यह डील पेरिस में ओमान के सुल्तान हैथम बिन तारिक अल सईद और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन की मौजूदगी में 29 जून 2026 को साइन की गई। इस प्रोजेक्ट से ओमान की बिजली व्यवस्था और ऊर्जा भंडारण की क्षमता में बड़ा सुधार आएगा।
जबल अबियाद प्रोजेक्ट की पूरी जानकारी
इस नए प्रोजेक्ट का नाम Jabal Abyad Pumped Hydro Energy Storage (PHES) रखा गया है। यह प्लांट ओमान के उत्तरी हिस्से में Wadi Dayqah Dam के पास बनाया जाएगा। इसका मुख्य काम बड़े स्तर पर बिजली को स्टोर करना है ताकि पूरे देश में बिजली की सप्लाई स्थिर रहे और सोलर व विंड एनर्जी जैसे रिन्यूएबल एनर्जी का ज्यादा इस्तेमाल किया जा सके।
प्रोजेक्ट की मुख्य बातें नीचे दी गई टेबल में देखी जा सकती हैं:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| प्रोजेक्ट का नाम | Jabal Abyad PHES Project |
| कुल क्षमता | 2,000 मेगावाट (2 GW) |
| लोकेशन | Wadi Dayqah Dam, उत्तरी ओमान |
| मुख्य कंपनी (Lead) | EDF Power Solutions (फ्रांस) |
| पार्टनर कंपनियां | ONEIC, Takhzeen Oman और GUE |
| नियामक संस्था | Authority for Public Services Regulation (APSR) |
| समझौते की तारीख | 29 जून 2026 |
स्थानीय लोगों और अर्थव्यवस्था को फायदा
इस प्रोजेक्ट से ओमान के स्थानीय बाजार को काफी फायदा होगा। इसमें सामान की खरीद स्थानीय स्तर पर की जाएगी जिससे ओमान की कंस्ट्रक्शन इंडस्ट्री और छोटे उद्योगों (SMEs) को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, इस बड़े प्रोजेक्ट के शुरू होने से स्थानीय लोगों के लिए नौकरी के नए मौके भी खुलेंगे।
EDF Power Solutions की CEO Béatrice Buffon ने बताया कि यह समझौता फ्रांस और ओमान के बीच मजबूत सहयोग का नतीजा है। उन्होंने कहा कि बड़े स्तर पर स्टोरेज सिस्टम होने से ओमान का पावर सिस्टम ज्यादा सुरक्षित होगा और इससे लंबे समय तक आर्थिक लाभ मिलेगा।
यह स्पष्ट किया गया है कि यह नया 2,000 मेगावाट का प्रोजेक्ट पुराने 250 मेगावाट वाले हाइड्रो पावर प्लांट प्रोजेक्ट से बिल्कुल अलग है जिसे पहले रद्द कर दिया गया था। अभी इस प्रोजेक्ट के लिए तकनीकी स्टडी और विकास का काम शुरू होगा।
