ओमान ने 30 जुलाई 2026 को ‘वर्ल्ड डे अगेंस्ट ट्रैफिकिंग इन पर्सन्स’ के मौके पर मानव तस्करी के खिलाफ अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि मानव तस्करी से जुड़ी गतिविधियों को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और नागरिकों व प्रवासियों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाए जा रहे हैं। इस साल का विषय मुख्य रूप से ऑनलाइन नौकरी के नाम पर होने वाले धोखे और साइबर अपराधों पर केंद्रित है।

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कानूनी कार्रवाई और नए नियम

नेशनल कमिटी फॉर कॉम्बैटिंग ह्यूमन ट्रैफिकिंग के प्रमुख H.E. Sheikh Khalifa bin Ali Al Harthy ने बताया कि मानव तस्करी इंसान की गरिमा और स्वतंत्रता के खिलाफ एक बड़ा अपराध है। ओमान में रॉयल डिक्री नंबर 78/2025 के तहत नियम काफी सख्त कर दिए गए हैं। अब तस्करी जैसे अपराधों में शामिल होने पर 3 से 10 साल तक की जेल हो सकती है। इसके अलावा, अपराधी पर 5,000 से लेकर 1,00,000 ओमानी रियाल तक का जुर्माना लगाया जाएगा।

प्रवासियों के लिए चेतावनी

रॉयल ओमान पुलिस के अधिकारी Brigadier General Jamal bin Habib Al Qurashi ने जानकारी दी कि ओमान में इस तरह के मामले बहुत कम हैं और पुलिस इन पर कड़ी नजर रखती है। अधिकारियों ने विदेश में नौकरी तलाशने वाले लोगों को सावधान किया है कि वे सोशल मीडिया या किसी भी अनजान स्रोत से मिलने वाले लुभावने नौकरी के ऑफर्स के चक्कर में न पड़ें। ये ऑफर अक्सर धोखाधड़ी और मानव तस्करी का जरिया हो सकते हैं।

लोगों को जागरूक करने के लिए सरकार ने ‘Aman’ नाम से एक राष्ट्रीय जागरूकता अभियान शुरू किया है। अगर कोई व्यक्ति इस तरह के संदिग्ध मामलों के बारे में जानता है, तो वह अधिकारियों से संपर्क कर सकता है। सरकार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सहयोग बढ़ा रही है ताकि किसी को भी बहकावे में आने से रोका जा सके।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.