ओमान के सुल्तान हैथम बिन तारिक ने बुधवार, 11 फरवरी 2026 को तीन महत्वपूर्ण शाही फरमान जारी किए हैं। इन फरमानों का मुख्य उद्देश्य ओमान के औद्योगिक और सीमा शुल्क (Customs) कानूनों को खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के मानकों के अनुरूप बनाना है। इसके अलावा, देश के राजनयिक संबंधों को विस्तार देते हुए एक नई नियुक्ति भी की गई है।
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शाही फरमान में कानूनों को लेकर क्या कहा गया है?
सुल्तान द्वारा जारी किए गए पहले दो फरमान सीधे तौर पर व्यापार और उद्योग के नियमों से जुड़े हैं। शाही फरमान संख्या 27/2026 के जरिए ‘यूनिफाइड जीसीसी इंडस्ट्रियल लॉ’ को मंजूरी दी गई है। यह नया कानून आधिकारिक गजट में प्रकाशित होने के 30 दिनों बाद से लागू होगा। इसके आने से साल 2008 का पुराना कानून रद्द हो जाएगा।
वहीं, शाही फरमान संख्या 28/2026 में ‘जीसीसी कॉमन कस्टम्स लॉ’ के कुछ प्रावधानों में संशोधन किया गया है। यह बदलाव आधिकारिक प्रकाशन के अगले दिन से ही प्रभावी हो जाएगा। इन बदलावों को ओमान की परिषद द्वारा पहले ही समीक्षा कर मंजूरी दी जा चुकी थी।
राजनयिक नियुक्ति पर क्या फैसला हुआ?
तीसरे आदेश, यानी शाही फरमान संख्या 29/2026 के तहत राजनयिक स्तर पर एक अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। स्पेन में ओमान के वर्तमान राजदूत, थामर बिन फयेज़ बिन खल्फान अल अलवी को अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है।
- किसे मिली जिम्मेदारी: थामर बिन फयेज़ बिन खल्फान अल अलवी
- नई भूमिका: एंडोरा (Principality of Andorra) के लिए गैर-निवासी राजदूत
- कब से लागू: यह नियुक्ति जारी होने की तारीख से ही प्रभावी है।
