वैश्विक ऊर्जा बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट देखने को मिल रही है। यह गिरावट तेल उत्पादक देशों के संगठन OPEC+ द्वारा उत्पादन बढ़ाने के फैसले और Strait of Hormuz के रास्ते कच्चे तेल के निर्यात में आंशिक सुधार के बाद आई है। सोमवार को Brent Crude और WTI Crude दोनों ही तेल की कीमतें अपने निचले स्तर के करीब बनी रहीं।

कच्चे तेल की कीमतों का ताजा हाल

पिछले 24 से 48 घंटों में तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखा गया है। सोमवार को Brent Crude 72 डॉलर प्रति बैरल से नीचे और WTI Crude 69 डॉलर प्रति बैरल से नीचे कारोबार कर रहा था, जो फरवरी के बाद का सबसे निचला स्तर है। नीचे दी गई तालिका में कीमतों का विवरण दिया गया है:

तारीख और तेल का प्रकार कीमत (USD प्रति बैरल) बदलाव (%)
Brent Crude (6 जुलाई 2026) $72.30 0.28% बढ़त
Brent Crude (5 जुलाई 2026) $71.65 0.40% गिरावट
WTI Crude (6 जुलाई 2026) $68.82 0.09% बढ़त
WTI Crude (5 जुलाई 2026) $68.29 0.58% गिरावट

OPEC+ ने लिया उत्पादन बढ़ाने का फैसला

रविवार 5 जुलाई 2026 को OPEC+ ने अगस्त महीने के लिए तेल उत्पादन में 188,000 बैरल प्रति दिन (bpd) की बढ़ोतरी करने की घोषणा की है। यह लगातार पांचवां महीना है जब संगठन ने उत्पादन में वृद्धि की है। इस फैसले में सऊदी अरब, रूस, इराक, कुवैत, कजाकिस्तान, अल्जीरिया और ओमान शामिल हैं। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) अब इस समूह का हिस्सा नहीं है क्योंकि वह इस साल मई में ओपेक से बाहर हो गया था।

OPEC+ ने कहा है कि वह बाजार की स्थितियों पर लगातार नजर रखेगा और जरूरत पड़ने पर उत्पादन बढ़ाने, रोकने या उसे वापस लेने का फैसला ले सकता है। समूह की अगली बैठक 2 अगस्त 2026 को होने वाली है।

Strait of Hormuz में जहाजों की आवाजाही पर अपडेट

Strait of Hormuz के रास्ते कच्चे तेल का निर्यात धीरे-धीरे सुधर रहा है। अमेरिका और ईरान के बीच हुए एक अस्थायी शांति समझौते के बाद जून महीने में खाड़ी क्षेत्र से तेल निर्यात में 30 लाख बैरल प्रति दिन से अधिक की बढ़ोतरी हुई है, जिससे कुल निर्यात 1 करोड़ बैरल प्रति दिन के पार पहुंच गया। हालांकि, यह अभी भी युद्ध से पहले के स्तर से लगभग 40 प्रतिशत कम है।

इस बीच सुरक्षा संबंधी चुनौतियां अभी भी बनी हुई हैं। ईरान के संयुक्त सैन्य कमान ने चेतावनी दी है कि इस रास्ते से गुजरने वाले सभी तेल टैंकरों को स्वीकृत रूट का पालन करना होगा, नहीं तो उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा, युद्ध जोखिम के कारण इस मार्ग से जहाजों को ले जाने का बीमा प्रीमियम 2.8 प्रतिशत पर बना हुआ है, जो सामान्य समय के 0.15 प्रतिशत से काफी अधिक है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com