दुनियाभर में तेल और गैस की जरूरतों को लेकर एक बड़ी खबर आई है। ओपेक (OPEC) के महासचिव हैथम अल घैस ने कहा है कि साल 2027 में तेल और गैस की मांग में भारी बढ़ोतरी होने की उम्मीद है। उन्होंने रूस में आयोजित सेंट पीटर्सबर्ग इंटरनेशनल इकोनॉमिक फोरम के दौरान यह जानकारी दी और बताया कि इस बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए संगठन पूरी कोशिश करेगा।

2027 में क्यों बढ़ सकती है तेल और गैस की मांग

ओपेक के महासचिव हैथम अल घैस ने 4 जून 2026 को सेंट पीटर्सबर्ग इंटरनेशनल इकोनॉमिक फोरम में एक सत्र के दौरान बताया कि आने वाले समय में ऊर्जा की मांग तेजी से बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि ओपेक इस बढ़ती हुई मांग को पूरा करने के लिए अपने स्तर पर हर संभव प्रयास करेगा ताकि वैश्विक बाजारों में किसी भी तरह की कमी न आए और सप्लाई सुचारू रूप से चलती रहे।

हॉर्मुज संकट से बढ़ी टेंशन और सऊदी-रूस की भूमिका

महासचिव ने बाजार की मौजूदा स्थिति पर बात करते हुए कहा कि पिछला एक दशक काफी संतुलित रहा था, लेकिन अभी हॉर्मुज संकट की वजह से बाजार में थोड़ा तनाव बना हुआ है। इस तनाव के बीच उन्होंने सऊदी अरब और रूस के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि वैश्विक ऊर्जा क्षेत्र को स्थिर बनाए रखने में सऊदी अरब और रूस ने बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है और दोनों देशों के प्रयास सराहनीय हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ओपेक के अनुसार तेल और गैस की मांग कब बढ़ने की उम्मीद है?

ओपेक के महासचिव हैथम अल घैस के अनुसार, साल 2027 में तेल और गैस की वैश्विक मांग में बड़ी बढ़ोतरी होने की उम्मीद जताई गई है।

तेल बाजार में वर्तमान में तनाव का मुख्य कारण क्या है?

ओपेक के अनुसार, वर्तमान में तेल बाजार में तनाव का मुख्य कारण हॉर्मुज संकट है, जिससे सप्लाई चेन प्रभावित हुई है।