पाकिस्तान के सेना प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर ने अपनी ईरान यात्रा पूरी कर ली है। 23 मई 2026 को समाप्त हुई इस यात्रा को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव को कम करना और दोनों देशों के बीच शांति समझौता कराना है। पाकिस्तान इस समय दोनों देशों के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है ताकि क्षेत्र में स्थिरता बनी रहे।

पाकिस्तान आर्मी चीफ की ईरान यात्रा में क्या हुआ?

फील्ड मार्शल असीम मुनीर 22 मई 2026 को तेहरान पहुंचे थे। यह एक महीने के भीतर उनका दूसरा ईरान दौरा था। इस यात्रा के दौरान उन्होंने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान, संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकिर कलीबाफ और विदेश मंत्री अब्बास अराक्छी के साथ उच्च स्तरीय बैठकें कीं।

  • शांति प्रस्ताव पर विचार: ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने पुष्टि की है कि उन्हें पाकिस्तानी मध्यस्थता के जरिए अमेरिका के विचार मिले हैं और वे इस पर विचार कर रहे हैं। यह बातचीत ईरान के 14 सूत्रीय प्रस्ताव पर आधारित है।
  • राजनयिक प्रयास: बैठक में पश्चिमी एशिया में शांति, स्थिरता और सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए नए राजनयिक प्रयासों पर चर्चा की गई।
  • गृह मंत्री की भूमिका: आर्मी चीफ के पहुंचने से पहले पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी भी 20 मई से ही तेहरान में मौजूद थे और वरिष्ठ अधिकारियों से बातचीत कर रहे थे।

अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थता पर क्या बोले बड़े नेता?

इस मध्यस्थता पर अलग-अलग देशों के नेताओं के बयान सामने आए हैं। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराक्छी ने कहा कि अमेरिका की अत्यधिक मांगों के कारण बातचीत में रुकावटें आ रही हैं। वहीं, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने पाकिस्तान की इस कूटनीति की सराहना की है। उन्होंने कहा कि बातचीत में प्रगति हुई है लेकिन अभी तक कोई अंतिम समझौता नहीं हुआ है।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी इस बातचीत पर नजर रख रहे हैं। उन्होंने अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के साथ बैठक की है और बातचीत विफल होने की स्थिति में अन्य विकल्पों पर विचार करने की बात कही है। इस शांति प्रक्रिया को सफल बनाने के लिए कतर का एक प्रतिनिधिमंडल भी शामिल हुआ है। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने भी बातचीत के जरिए समाधान निकालने का समर्थन किया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

पाकिस्तान के आर्मी चीफ असीम मुनीर ईरान क्यों गए थे?

असीम मुनीर अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव को कम करने और दोनों देशों के बीच शांति समझौता कराने के लिए मध्यस्थता के उद्देश्य से तेहरान गए थे।

क्या अमेरिका और ईरान के बीच कोई अंतिम समझौता हो गया है?

बातचीत में कुछ प्रगति हुई है और ईरान अमेरिकी प्रस्तावों की समीक्षा कर रहा है, लेकिन अभी तक कोई अंतिम शांति समझौता नहीं हुआ है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.