पाकिस्तान के बलोचिस्तान और पंजाब प्रांत में सुरक्षा बलों ने छापेमारी की है। इस कार्रवाई के बाद 5 बलोच पुरुषों के लापता होने की खबर सामने आई है। इस घटना ने एक बार फिर मानवाधिकारों के मुद्दे को गरमा दिया है और स्थानीय लोगों में काफी डर और गुस्सा है।
कहाँ-कहाँ हुई छापेमारी और कौन हुए गायब?
ANI न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार सुरक्षा बलों ने ग्वादर, क्वेटा, केच और डेरा गाजी खान जैसे इलाकों में छापे मारे थे। इन जगहों से 5 बलोच पुरुषों को हिरासत में लिया गया, लेकिन उसके बाद उनका कोई पता नहीं चला। अब उनके परिवार और मानवाधिकार कार्यकर्ता सरकार से उनकी लोकेशन और कानूनी जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।
मानवाधिकार संगठनों ने क्या आंकड़े दिए हैं?
- Human Rights Council of Balochistan (HRCB): इस संस्था ने बताया कि सिर्फ मार्च 2026 के महीने में 65 लोग गायब हुए और 50 लोगों की हत्या हुई।
- Baloch Students Action Committee (BSAC): इस समूह ने 2 मई 2026 को क्वेटा के एक हॉस्टल से छात्र नेता के गायब होने पर गहरी चिंता जताई है।
- UN Experts: संयुक्त राष्ट्र के विशेषज्ञों ने 29 अप्रैल 2025 को पाकिस्तान को चेतावनी दी थी कि वह बलोचिस्तान में मानवाधिकारों के उल्लंघन को रोके और स्वतंत्र जांच कराए।
सरकार और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं का क्या रुख है?
पाकिस्तान के सुरक्षा अधिकारी और सरकार अक्सर इन आरोपों को खारिज करते रहे हैं। साल 2012 में सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि वे बलोचिस्तान में किसी गुप्त ऑपरेशन या डेथ स्क्वाड का इस्तेमाल नहीं करते हैं। दूसरी ओर, Amnesty International का कहना है कि पाकिस्तान सरकार ने अब तक किसी भी जिम्मेदार व्यक्ति को इन गायब होने वाली घटनाओं के लिए सजा नहीं दिलाई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बलोचिस्तान में हाल ही में कितने लोग गायब हुए हैं?
ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार 5 बलोच पुरुष गायब हुए हैं, जबकि HRCB ने बताया कि मार्च 2026 में कुल 65 लोग गायब हुए और 50 लोगों की जान गई।
UN ने पाकिस्तान से क्या मांग की है?
UN विशेषज्ञों ने पाकिस्तान से आग्रह किया है कि वह बलोचिस्तान में जबरन गायब किए जाने वाली घटनाओं को रोके और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करे।