Pakistan News: पाकिस्तान के बलोचिस्तान में बड़ा हमला, सशस्त्र संगठन के पूर्व सदस्य की मौत और कई लोगों को किया गया जबरन गायब

पाकिस्तान के बलोचिस्तान प्रांत से एक बड़ी और दहला देने वाली खबर सामने आ रही है जहाँ सुरक्षा और हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। केच जिले के बलिदा सुरप इलाके में अज्ञात बंदूकधारियों ने एक घर को निशाना बनाकर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। इस खतरनाक हमले में मुस्लिम जयंद समेत कम-से-कम चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें तुरंत अस्पताल ले जाने की कोशिश की गई लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही मुस्लिम जयंद ने दम तोड़ दिया। यह पूरी घटना मंगलवार देर शाम की है, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और स्थानीय लोग काफी डरे हुए हैं।
हमले की पूरी घटना और स्थानीय सूत्र
द बलोचिस्तान की रिपोर्ट के अनुसार, स्थानीय सूत्रों ने बताया कि जब यह हमला हुआ तो अचानक से तेज धमाके की आवाज सुनाई दी और उसके तुरंत बाद ताबड़तोड़ गोलियां चलने लगीं। हमलावरों ने सीधे तौर पर मुस्लिम जयंद के घर को निशाना बनाया जिस समय घर के अंदर कई अन्य लोग भी मौजूद थे। इस गोलीबारी और धमाके की चपेट में आने से मुस्लिम जयंद के अलावा कम-से-कम तीन अन्य लोग भी बुरी तरह जख्मी हो गए। मुस्लिम जयंद के बारे में जानकारी मिली है कि वह पहले एक बलोच सशस्त्र संगठन से जुड़ा हुआ था लेकिन बाद में उसने आत्मसमर्पण कर दिया था। सूत्रों का यह भी दावा है कि वह इस समय पाकिस्तान के डेथ स्क्वाड के एक स्थानीय हथियारबंद ग्रुप को लीड कर रहा था। इस सनसनीखेज हमले की जिम्मेदारी अभी तक किसी भी संगठन या व्यक्ति ने नहीं ली है और पुलिस मामले की जांच कर रही है।
कराची और क्वेटा से लोगों के जबरन गायब होने का मामला
एक अन्य रिपोर्ट से यह भी खुलासा हुआ है कि पाकिस्तान के अलग-अलग हिस्सों से लोगों को जबरन गायब किए जाने का सिलसिला लगातार जारी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, क्वेटा के जबल नूर बाईपास से 40 साल के दुकानदार आसिफ अली (पिता का नाम अहमद रजा) को 1 अगस्त की शाम 4:00 बजे पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई द्वारा उठा लिया गया। इसके अलावा, खुजदार के बागबाना इलाके से 19 साल के युवा दुकानदार असलम बलोच (पिता का नाम सिकंदर जहरी) को रेंजर्स के जवानों द्वारा 13 जुलाई को कराची के यूसुफ गोथ बस टर्मिनल से जबरन उठा लिया गया। इन दोनों मामलों के बाद से ही आसिफ अली और असलम बलोच का आज तक कुछ भी पता नहीं चल पाया है और उनके परिवार वाले बेहद परेशान हैं।
एक व्यक्ति सुरक्षित बरामद
इस बीच राहत की एक छोटी सी खबर यह सामने आई है कि अब्दुल मजीद (पिता का नाम हाजी गुलाम मोहम्मद) को कराची के मलिर-15 इलाके से सुरक्षित बरामद कर लिया गया है। आपको बता दें कि अब्दुल मजीद को ठीक इसी जगह से 29 जुलाई को जबरन गायब कर दिया गया था, जिसके बाद से उसके परिवार के लोग उसकी तलाश में दर-दर भटक रहे थे। बलोचिस्तान और कराची में घट रही इन घटनाओं से वहां के आम नागरिकों में भारी रोष और डर का माहौल बना हुआ है क्योंकि लगातार इस तरह की हिंसा और लोगों के गायब होने की खबरें सामने आ रही हैं।