पाकिस्तान के उत्तरी इलाके खैबर पख्तूनख्वा में एक बहुत बड़ा धमाका हुआ है. इस हमले में 15 पुलिसकर्मियों की जान चली गई और तीन अन्य लोग घायल हुए हैं. यह हमला अफगानिस्तान सीमा के पास एक पुलिस चेक पोस्ट पर किया गया जिससे वहां भारी तबाही हुई है.

पाकिस्तान में हुए इस हमले में कितना नुकसान हुआ

यह हमला शनिवार रात 9 मई 2026 को बन्नू जिले के फतेह खेल इलाके में स्थित पुलिस चेक पोस्ट पर हुआ. रविवार सुबह तक इसकी खबरें सामने आईं. हमले के बारे में मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:

  • कुल मौतें: कम से कम 15 पुलिसकर्मी मारे गए.
  • घायल: 3 पुलिसकर्मी जख्मी हुए हैं.
  • विस्फोट की तीव्रता: बम डिस्पोजल स्क्वाड के मुताबिक हमले में 1,200 से 1,500 किलोग्राम विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया.
  • हमले का तरीका: पहले एक धमाके वाली गाड़ी से हमला हुआ और फिर कई बंदूकधारियों ने फायरिंग की.

हमले के पीछे कौन है और सरकार का क्या कहना है

इस हमले की जिम्मेदारी ‘इत्तेहाद-उल-मुजाहिदीन पाकिस्तान’ (IMP) नाम के एक नए गुट ने ली है. सुरक्षा एजेंसियों को शक है कि यह ग्रुप तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) का ही एक हिस्सा है. इस घटना पर बड़े नेताओं ने अपनी प्रतिक्रिया दी है:

  • DIG सज्जाद खान: उन्होंने बताया कि धमाका इतना जोरदार था कि पुलिसकर्मी मलबे के नीचे दब गए. उन्होंने कहा कि पुलिस इन आतंकवादियों को एक-एक करके पकड़ेगी.
  • राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी: उन्होंने इस हमले की कड़ी निंदा की और घायलों व प्रभावित परिवारों की मदद के आदेश दिए.
  • प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ: उन्होंने सुरक्षा बलों को निर्देश दिया है कि दोषियों को पकड़ने के लिए पूरी ताकत लगाई जाए.
  • मुख्यमंत्री मोहम्मद सोहेल अफरीदी: उन्होंने इस हमले पर दुख जताया और कहा कि बंद कमरों में ली गई गलत नीतियों ने देश में असुरक्षा बढ़ाई है.

रविवार सुबह तक भारी मशीनों की मदद से मलबे में दबे लोगों को निकालने का काम चला. मारे गए पुलिसकर्मियों का अंतिम संस्कार बन्नू के पुलिस मुख्यालय में किया गया.

Frequently Asked Questions (FAQs)

पाकिस्तान के किस इलाके में यह हमला हुआ

यह हमला पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा (KPK) प्रांत के बन्नू जिले में स्थित फतेह खेल पुलिस चेक पोस्ट पर हुआ जो अफगानिस्तान सीमा के पास है.

इस हमले की जिम्मेदारी किसने ली है

इस हमले की जिम्मेदारी इत्तेहाद-उल-मुजाहिदीन पाकिस्तान (IMP) नाम के गुट ने ली है, जिसे अधिकारी TTP का मुखौटा मानते हैं.